रामगढ़ से भागीरथ महतो की रिपोर्ट
Ramgarh: सदर अस्पताल रामगढ़ में पायी गयी अव्यवस्था, साफ-सफाई की कमी और वित्तीय अनियमितताओं को लेकर उपायुक्त ऋतुराज ने कड़ा रुख अपनाया है. शनिवार को अस्पताल के औचक निरीक्षण के दौरान मिली खामियों पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने अस्पताल के सभी चिकित्सकों, अधिकारियों और कर्मियों का वेतन अगले आदेश तक स्थगित करने का निर्देश दिया.
एक सप्ताह में सुधार नहीं होने पर होगी कार्रवाई
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने अस्पताल परिसर, ओपीडी, वार्ड, पंजीयन काउंटर, दवा वितरण केंद्र सहित विभिन्न इकाइयों का जायजा लिया. समीक्षा में साफ-सफाई की कमी, मरीजों को हो रही असुविधा और विभिन्न सेवाओं के लिए लिये जा रहे भुगतान की समुचित और पारदर्शी लेखांकन व्यवस्था में अनियमितताएं सामने आयी. उपायुक्त ने अस्पताल प्रबंधन को व्यवस्था सुधारने के लिए एक सप्ताह का समय देते हुए चेतावनी दी कि निर्धारित अवधि में सुधार नहीं होने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
बीपीएल मरीज से अवैध वसूली की शिकायत सही पाई गई
निरीक्षण के दौरान एक बीपीएल मरीज ने पंजीयन काउंटर पर पांच रुपये की अवैध मांग किये जाने की शिकायत की. उपायुक्त ने तत्काल मामले की जांच कराई, जिसमें शिकायत सही पाई गई. इसके बाद संबंधित पंजीयन कर्मी के खिलाफ जांच समिति गठित कर कार्रवाई का निर्देश दिया गया. समिति की अनुशंसा के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
डेंटल और आई ओपीडी में भी मिली अव्यवस्था
उपायुक्त ने डेंटल ओपीडी, आई ओपीडी सहित विभिन्न स्वास्थ्य सेवाओं का निरीक्षण किया. निरीक्षण में कई स्थानों पर साफ-सफाई की कमी एवं अव्यवस्था पायी गयी. इसके अलावा एबीडीएम (आधार बेस्ड डिजिटल मॉनिटरिंग) कार्यों की समीक्षा में भी कार्य की गति धीमी मिली, जिस पर संबंधित अधिकारियों को तेजी लाने का निर्देश दिया गया.
उपाधीक्षक से मांगा स्पष्टीकरण
साफ-सफाई की कमी, मरीजों को हो रही परेशानी एवं भुगतान संबंधी अनियमितताओं को लेकर सदर अस्पताल के उपाधीक्षक से भी स्पष्टीकरण मांगा गया है. निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने जननी सुरक्षा योजना, मुख्यमंत्री रखरखाव योजना सहित अन्य स्वास्थ्य योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा करते हुए लाभुकों तक योजनाओं का लाभ सुगमता से पहुंचाने का निर्देश दिया.
बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने का निर्देश
उपायुक्त ने सभी स्वास्थ्यकर्मियों को समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने, मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने, दवाओं की नियमित उपलब्धता बनाए रखने तथा अस्पताल परिसर में स्वच्छता मानकों का कड़ाई से पालन करने का निर्देश दिया. उन्होंने बिना किसी वैध कारण के मरीजों को रेफर किये जाने के मामलों पर भी कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी.
यह भी पढ़ें: झारखंड में बड़ी सफलता: 5 लाख के इनामी और ‘झांगुर ग्रुप’ का सरगना रामदेव उरांव ने दो साथियों संग किया सरेंडर
यह भी पढ़ें: रांची के नामकुम ग्रिड में मरम्मत से रविवार को 3 घंटे गुल रहेगी बत्ती, मेन रोड-बरियातू समेत कई इलाके प्रभावित
