लोहरदगा़ जय श्रीराम समिति के पदाधिकारियों ने सदर अस्पताल पहुंचकर इलाज के दौरान मृत संतोषी कुमारी के परिजनों से मुलाकात की और शोक व्यक्त किया. इसके बाद समिति के सदस्यों ने सिविल सर्जन से मिलकर अस्पताल की लचर व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाये और सुधार की मांग की. प्रतिनिधियों ने कहा कि किस्को प्रखंड के जनवल निवासी संतोषी कुमारी के शरीर में खून की कमी होने पर समिति के सदस्य ने तत्काल रक्तदान किया था. इसके बावजूद समय पर सही उपचार नहीं मिलने से उसकी मौत हो गयी. समिति ने एक अन्य मामले का जिक्र करते हुए बताया कि सड़क दुर्घटना में घायल संजू उरांव को रिम्स रेफर किये जाने के दौरान समय पर ऑक्सीजन की सुविधा नहीं मिल सकी. समिति का आरोप है कि आकस्मिक परिस्थितियों में डॉक्टरों की अनुपस्थिति और गंभीर मरीजों को बिना पर्याप्त उपचार के तुरंत रिम्स रेफर कर देना सदर अस्पताल की बड़ी खामी है. समिति ने मांग की कि अस्पताल की आपातकालीन सेवाओं को सुदृढ़ किया जाये, डॉक्टरों की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित हो और ऑक्सीजन सहित अन्य जीवनरक्षक सुविधाएं बहाल की जाये. इस पर सिविल सर्जन ने कहा कि व्यवस्थाओं के संचालन के लिए अलग-अलग कर्मियों को जिम्मेदारी सौंपी गयी है, कमियों की समीक्षा कर आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाये जायेंगे. समिति ने स्पष्ट किया कि उनका उद्देश्य किसी पर आरोप लगाना नहीं, बल्कि स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार लाना है. मौके पर जिला संरक्षक सुषमा सिंह, अजय सोनी, कन्हैया करुआ, बजरंग करुआ, ओम महतो समेत कई लोग मौजूद थे.
सदर अस्पताल की कुव्यवस्था पर जय श्रीराम समिति ने सुधार की मांग की
सदर अस्पताल की कुव्यवस्था पर जय श्रीराम समिति ने सुधार की मांग की
