लोहरदगा से गोपी कृष्ण की रिपोर्ट
लोहरदगा: रक्षाबंधन पर्व के मद्देनजर मिठाइयों और खाद्य पदार्थों की बढ़ती मांग को देखते हुए लोहरदगा में खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावटखोरी के खिलाफ सख्त अभियान शुरू कर दिया है. विभाग की विशेष टीम ने शहरी क्षेत्र की कई दुकानों और मिष्ठान प्रतिष्ठानों में औचक छापेमारी कर खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, स्वच्छता और सुरक्षित भंडारण की गहन जांच की. इस दौरान भारी मात्रा में खराब और हानिकारक मिठाइयां बरामद की गईं.
बिना लाइसेंस बन रहा था लड्डू, 150 किलो फफूंद लगा स्टॉक नष्ट
जांच अभियान के दौरान बीआईडी स्थित मेसर्स भोला साहू के प्रतिष्ठान पर छापेमारी की गई, जहां बिना किसी वैध लाइसेंस के बड़े पैमाने पर लड्डू का निर्माण किया जा रहा था. मौके पर करीब 150 किलोग्राम लड्डू में फंगस (फफूंद) लगी पाई गई, जिसे खाद्य सुरक्षा टीम ने तुरंत मौके पर ही पूरी तरह नष्ट करा दिया. साथ ही संचालक को बिना लाइसेंस कारोबार न करने और जल्द लाइसेंस लेने का कड़ा निर्देश दिया गया.
अस्वच्छ माहौल में निर्माण पर 5 हजार का जुर्माना और नोटिस
टीम ने न्यू रोड स्थित मेसर्स अनुराग गुप्ता के प्रतिष्ठान की भी जांच की, जहां बेहद अस्वच्छ वातावरण में मिठाइयां बनाई जा रही थीं. स्वच्छता मानकों के इस उल्लंघन पर खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत प्रतिष्ठान पर 5,000 रुपये का ऑन-स्पॉट अर्थदंड (फाइन) लगाया गया और सुधार के लिए आधिकारिक नोटिस जारी किया गया.
हानिकारक केमिकल रंग की मिलावट, कैंसर जैसी बीमारियों का खतरा
बड़ा तालाब स्थित मेसर्स जिमी स्टोर और मेसर्स एम स्टार बेकरी में बिक रहे लड्डुओं की ऑन-स्पॉट जांच की गई, जिसमें स्वास्थ्य के लिए बेहद हानिकारक अखाद्य (Non-edible) रंगों की मिलावट की पुष्टि हुई. दोनों दुकानों से लगभग 50 किलोग्राम मिलावटी लड्डू जब्त किए गए और संचालकों को नोटिस थमाया गया. अधिकारियों ने सचेत किया कि मिठाइयों में इस्तेमाल होने वाले ऐसे जहरीले रंग स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा हैं और भविष्य में कैंसर जैसी घातक बीमारियों का कारण बन सकते हैं.
त्योहारों तक जारी रहेगा औचक निरीक्षण अभियान
उपायुक्त (DC) लोहरदगा के निर्देशों के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने सभी व्यापारियों को त्योहारों के दौरान केवल गुणवत्तापूर्ण कच्चे माल का उपयोग करने और स्वच्छता मानकों का कड़ाई से पालन करने का निर्देश दिया है. विभाग ने स्पष्ट किया है कि त्योहारी सीजन में यह जांच अभियान लगातार जारी रहेगा. इस कार्रवाई के दौरान खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी मौईन अख्तर, विश्वनाथ गगराई और सहायक कर्मी रजनीश कुमार मुख्य रूप से उपस्थित रहे.
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