लोहरदगा : छोटानागपुर बॉक्साइट वर्कस यूनियन के तत्वावधान में झारखंड कांग्रेस के क्षेत्रीय समन्वयक अशोक कुमार चौधरी का पुतला फूंका गया़ अशोक चौधरी द्वारा झारखंड के कद्दावर कांग्रेसी नेता, छोटानागपुर बॉक्साइट वर्कस यूनियन के महासचिव सह राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू, पूर्व सांसद ददई दुबे, प्रदीप बलमुचू पर तथ्यों से परे व अव्यावहारिक टिप्पणी के खिलाफ कांग्रेस मुख्यालय राजेंद्र भवन के समक्ष अशोक कुमार चौधरी का पुतला फूंका गया.
इस अवसर पर सभा का आयोजन किया गया़ इसकी अध्यक्षता यूनियन के अध्यक्ष वकील खान ने की. मौके पर वक्ताओं ने कहा कि अशोक चौधरी द्वारा राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू एवं अन्य नेताओं पर की गयी टिप्पणी पार्टी विरोधी कार्य है. उनके वक्तव्य से इंटक यूनियन तथा लोहरदगा के कांग्रेसी काफी आक्रोशित हैं. कहा गया कि राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू हम सब के सर्वमान्य नेता हैं.
उन पर की गयी टिप्पनी को मजदूर तथा पार्टी के लोग बर्दास्त नहीं करेंगे. 2019 में लोक सभा तथा विधानसभा का चुनाव होने वाला है ऐसे में हम सब को पार्टी को धारदार बनाने की आवश्यकता है. ऐसे में अशोक चौधरी द्वारा दिया गया ब्यान कांग्रेस कार्यकर्ताओं को हतोत्साहित करनेवाला है. उनका वक्तव्य पूर्ण रूप से पार्टी विरोधी कार्य है.
वक्ताओं ने राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी से अशोक चौधरी को अविलंब पार्टी विरोधी कार्य करने के आरोप में पार्टी से निकालने की मांग की है. मौके पर इंटक कोषाध्यक्ष अशोक यादव, प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रतिनिधि आलोक कुमार साहू, विशुनपुर विधानसभा प्रभारी शकील अहमद, गुमला प्रभारी सुखैर भगत, मांडर प्रभारी नेसार अहमद, निशिथ जायसवाल, कमलेश कुमार, प्रदीप विश्वकर्मा, दीपक महतो, सोहराब अंसारी, खलील अहमद, बाबूलाल उरांव, राम नायक, महेंद्र तिवारी, विष्णु साहू, केवल उरांव, रूकशाना बेगम, मंजूर अहमद, प्रदीप साहू, सुजीत सिंह, बलराम साहू, बैजनाथ, अनिल उरांव, देवचरण उरांव, वीरेंद्र नाथ शाहदेव, विनोद उरांव, टेना उरांव, रेहान अख्तर, जगदीप भगत, कुणाल अभिषेक, संजीव साहू, दीपक ठाकुर, बिनम राम, ओम भगत, जगदीश लोहरा, निर्मल गुप्ता, भुखन लोहरा, सीताराम उरांव, शमीम अंसारी, सोमे उरांव, अशोक उरांव, संजय नायक, संतोष महतो, सीताराम उरांव, आजाद खान, मुर्शीद आलम, अंनवर अंसारी, सहित पाखर माइंस, रिचुघुटा, टोरी स्टेशन, सेरेंगदाग माइंस, गुरदरी माइंस, कुजाम माइंस, बगड़ू मांइस के मजदूर काफी संख्या में मौजूद थे.
