लातेहार से चंद्रप्रकाश सिंह की रिपोर्ट
Latehar News, लातेहार : लातेहार जिला स्थित सदर प्रखंड के पेशारार पंचायत अंतर्गत रिचूघुटा गांव में सोमवार को हिंडालको बॉक्साइट साइडिंग और डीवीसी (DVC) कंपनी द्वारा नई कोयला साइडिंग खोलने के खिलाफ स्थानीय ग्रामीणों और मजदूरों का भारी आक्रोश फूट पड़ा. लातेहार विधायक प्रकाश राम के नेतृत्व में भारी संख्या में ग्रामीण, रैयत, मजदूर और बेरोजगार युवा एकजुट होकर कंपनी प्रबंधन के खिलाफ जोरदार आंदोलन पर उतर आए. प्रदर्शनकारियों ने हिंडालको और डीवीसी के प्रस्तावित कोयला साइडिंग परियोजना पर स्थानीय लोगों की अनदेखी करने, क्षेत्र में बेरोजगारी बढ़ाने, भारी प्रदूषण फैलाने और ग्रामीणों को मूलभूत सुविधाओं से वंचित रखने का गंभीर आरोप लगाया है.
ग्रामीणों को हक मिलने तक जारी रहेगी लड़ाई : विधायक
आंदोलनकारियों को संबोधित करते हुए लातेहार विधायक प्रकाश राम ने कड़े लहजे में कहा कि कंपनी पहले यहां के मूल निवासी और ग्रामीणों को रोजगार, बेहतर शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क जैसी बुनियादी सुविधाओं की लिखित गारंटी दे. इसके साथ ही कंपनियां अपने सीएसआर (CSR) फंड से प्रभावित गांवों का चहुंमुखी विकास करें, तभी यहां कोयला गिरने दिया जाएगा. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि ग्रामीणों के जल, जंगल, जमीन और अधिकारों की अनदेखी हुई, तो इस अन्याय के खिलाफ सड़क से लेकर सदन तक उग्र लड़ाई लड़ी जाएगी. जरूरत पड़ी तो मैं अपने क्षेत्र के ग्रामीणों के हक के लिए अपनी जान देने को भी तैयार हूं. विधायक ने रोष जताते हुए कहा कि कंपनी लगातार इस क्षेत्र के प्राकृतिक संसाधनों का दोहन कर रही है, लेकिन स्थानीय युवाओं को रोजगार देने के बजाय बाहरी लोगों को काम पर रखा जा रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि हिंडाल्को कंपनी पिछले 70 सालों से इस क्षेत्र में काम कर रही है, लेकिन सुविधा देने के नाम पर यहां के सीधे-साधे लोगों का सिर्फ शोषण करने का काम किया गया है.
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प्रदूषण से तबाह हो जाएगी खेती और पानी
मौके पर मौजूद विधायक प्रतिनिधि पवन कुमार ने बताया कि कोयला साइडिंग का निर्माण कार्य लगभग पूरा हो चुका है, लेकिन इसके बावजूद अब तक एक भी स्थानीय मजदूर को वहां रोजगार नहीं मिला है. उन्होंने भविष्य के खतरों की ओर इशारा करते हुए कहा कि आने वाले महीनों में डीवीसी द्वारा तुबैद क्षेत्र से भारी मात्रा में कोयला लाकर यहां डंप किया जाएगा. इस कोयला डंपिंग से पूरे इलाके में भारी कोयला डस्ट और वायु प्रदूषण फैलेगा, जिसका सीधा और घातक असर गांव के कुएं, नदी-तालाब के पानी और स्थानीय खेती पर पड़ेगा. ग्रामीणों ने एकजुट होकर कहा कि वे बिना सुरक्षा मानकों और रोजगार गारंटी के इस साइडिंग को चालू नहीं होने देंगे. इस बड़े विरोध प्रदर्शन के मौके पर मुख्य रूप से शिवचरण सिंह, अमरजीत सिंह, शिव प्रसाद, अजय सिंह, राहुल कुमार, बैजनाथ प्रसाद, उमाकांत प्रसाद, सोनू सिंह, उमेश सिंह, बसंत प्रसाद, धर्मेंद्र कुमार समेत भारी संख्या में स्थानीय ग्रामीण, युवा और मजदूर उपस्थित थे.
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