प्रतिनिधि जयनगर. ट्रेड यूनियनों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल के दौरान डीवीसी केटीपीएस मेंं मजदूरों ने सुबह 6 बजे से प्लांट के गेट नंबर एक पर जमा हुए. जहां सेंटर ट्रेड यूनियन एक्टू व एटक के नेतृत्व में प्रदर्शन किया गया तथा सरकार विरोधी नारे लगाते हुए चार लेबर कोड कानून, इंडस्ट्रियल रिलेशन कोड, काम सुरक्षा और स्वास्थ्य कोड, सोशल सिक्यूरिटी कोड वापस लेना होगा, मजदूरों पर हमला करना बंद करो, डीवीसी व ठेकेदारों की मनमानी नहीं चलेगी आदि नारे लगाये गये. मौके पर आयोजित प्रदर्शन का नेतृत्व एक्टू जिला सचिव विजय पासवान व एटक जिलाध्यक्ष विनोद पासवान ने किया. सभा की अध्यक्षता एक्टू जिला सचिव विजय पासवान ने किया. भाकपा राष्ट्रीय परिषद सदस्य महादेव राम ने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार जब से सत्ता में आयी है तब से किसानों व मजदूरों पर हमला कर रही है, इस सरकार के खिलाफ लगातार आंदोलन करने की जरूरत है. किसान नेता उदय द्विवेदी ने कहा कि सरकार मजदूरों के हक अधिकार का हनन कर रही है, इसे चलने नहीं दिया जाएगा. महेश प्रसाद सिंह ने कहा कि प्लांट में प्रबंधन व बिचौलियों की मनमानी चल रही है, मजदूरों का हक मारा जा रहा है. एक्टू जिला सचिव विजय पासवान ने कहा कि आम हड़ताल को समर्थन देकर मजदूर अपने हक और अधिकार की लड़ाई लड़ रहे हैं, इसके लिए मजदूर बधाई के पात्र है. कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रकाश रजक ने कहा कि केंद्र की मोदी सरकार को इन सभी कानूनों को वापस लेना होगा. सभा को एटक नेत्री सोनिया देवी, कांग्रेस नेता मनोज सहाय पिंकू, भाकपा जिला मंत्री अर्जुन यादव, अंचल मंत्री बीरेंद्र यादव, माले नेता मुन्ना यादव, असगर अंसारी, एटक जिलाध्यक्ष विनोद पासवान, झारखंड जेनरल मजदूर यूनियन के अध्यक्ष राजेंद्र यादव, इंटक जिलाध्यक्ष अनिल यादव आदि ने संबोधित किया. केंद्र सरकार श्रमिक विरोधी नीति वापस ले : सीटू केंद्र सरकार की मजदूर विरोधी नीतियों व लेबर कोड के खिलाफ राष्ट्रव्यापी हड़ताल का जिले में व्यापक असर रहा. इसका सर्वाधिक असर आंगनबाड़ी केंद्रों मे देखा गया. हडताल के दौरान 751 आंगनबाडी केंद्रों में ताला लटका रहा. करीब 25 हजार बच्चे पोषाहार से वंचित रह गए. हड़ताल को लेकर सीटू के बैनर तले जयनगर पेठियाबागी चौक से सेविका, सहायिकाओं ने विशाल रैली निकाली जो प्रखंड मुख्यालय पहुंचकर सभा व प्रदर्शन में तब्दील हो गया. मौके पर सीटू के राज्य सचिव संजय पासवान ने कहा कि केंद्र सरकार अपने कारपोरेट पक्षीय एजेंटे को जारी रखते हुए मजदूरों को गुलाम बनाने वाली चार लेबर कोड को अधिसूचित कर दिया है, जिसका उद्देश्य आम जनता की बुनियादी लोकतांत्रिक व संवैधानिक अधिकारों पर रोक लगाकर जनवादी आंदोलनों को कुचलना है. एटक नेत्री सोनिया देवी ने कहा कि एफआरएस सेविकाओं के लिए मौत का फरमान है. सीटू के जिला सचिव रमेश प्रजापति ने कहा कि निजीकरण के नाम पर लाखों नौकरी पैदा करने वाली देश की सरकारी संस्थाओं को बेचा जा रहा है. सभा को किसान नेता उदय द्विवेदी, पूर्व उप प्रमुख बीरेंद्र यादव, अर्जुन यादव, कर्मचारी महासंघ के जिलाध्यक्ष शैलेंद्र तिवारी ने भी संबोधित किया. अध्यक्षता यूनियन की प्रदेश अध्यक्ष मीरा देवी व संचालन सरिता रानी ने की. मौके पर स्वास्थ्य कर्मी अरविंद कुमार सिंह, अजय कुमार सिन्हा, जीएनएम कुमारी अर्चना, आउट सोर्सिंग कर्मी लक्ष्मी कुमारी, सोनू कुमार आदि मौजूद थे.
राष्ट्रव्यापी आम हड़ताल से केटीपीएस का कामकाज रहा बाधित
ट्रेड यूनियनों की राष्ट्रव्यापी हड़ताल के दौरान डीवीसी केटीपीएस मेंं मजदूरों ने सुबह 6 बजे से प्लांट के गेट नंबर एक पर जमा हुए.
