जयनगर : प्रखंड के जयनगर स्थित हाजी मुहल्ला में मुस्लिम कुशा कमेटी व तंजीम उल्मा-ए-हक के बैनर तले पैगाम-ए-अमल काॅन्फ्रेंस का जलसा का आयोजन किया गया. अध्यक्षता मौलाना असगर अली, निगरानी मौलाना गुलाम सरवर कादरी, सरपरस्ती सूफी ए बासफा हजरत अल्लामा सिराजुल कादरी वासिफ कोडरमावी व संचालन मौलाना गयासुद्दीन अमजदी व शाहिद रजा इकबाली ने संयुक्त रूप से किया.
शायरे इस्लाम हजरत मौलाना अजमल मिस्बाही, मद्दाहे रसूल कारी मिन्हाज असर अररियावी, कारी अनवर रजा हबीबी, मौलाना चांद रजा, साहिल रजा व सैयद सरफराज आलम फरीदी, कारी इरशाद आरजू ने अपनी नात ख्वानी से श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया.
मौलाना इरफान रजा मरकजी जामिअतुर रजा बरेली शरीफ व मौलाना नसीम अहमद ने संयुक्त रूप से अपनी तकरीर में इल्म व उल्मा के महत्व पर प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि अपने बच्चों को एक रोटी कम खिलाओ, लेकिन तालीम जरूर दो. मुफक्किरे इस्लाम मौलाना मुश्ताक आलम मिसबाही ने अपनी तकरीर में फरमाया कि अगर कामयाबी चाहते हो, तो अपने किरदार को ईमान के जेवर से सजा लो और अपने ईमान में पुख्तगी पैदा करों. तारीख से सबक लेते हुए अपनी जिंदगी गुजारो, कामयाबी तुम्हारी कदम चूमेंगी.
हजरत मौलाना सिराजुल कादरी वासिफ कोडरमावी ने कहा कि अल्लाह का फरमान है कि सुस्ती ना करो, गम ना करो, तुम्हीं कामयाब हो. मां बाप की खिदमत करने में, हलाल रोजी कमाने में, अपने पड़ोसियों के साथ अच्छे सुलूक में, अगर हज फर्ज है, तो उसकी अदायगी में सुस्ती ना करोगे तो तुम यकीनन कामयाब हो जाओगे. मौके पर मौलाना अलाउद्दीन, कारी दिलदार हुसैन, कारी तौकीर रजा, कारी साजिद रजा, हाफिज जिशान, हाफिज जेयाउल मुस्तफा, हाफिज साहिल रजा, कारी कमरूद्दीन खां मौजूद थे. कार्यक्रम को सफल बनाने में इमरान खान, मुजाहिद खान, साजिद हुसैन, अकबर खान, जाबिर हुसैन, अरबाज खान, इरफान खान, जाहिद हुसैन, समीर खान आदि ने महत्वपूर्ण भूमिका निभायी.
