LIVE: सुदिव्य कुमार सोनू का पार्थिव शरीर रांची नहीं आएगा, गिरिडीह में होगा अंतिम संस्कार; अंतिम विदाई देने CM रवाना

नहीं रहे झारखंड के उच्च शिक्षा मंत्री Sudivya Kumar Sonu
झारखंड सरकार के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री और JMM के प्रमुख नेता सुदिव्य कुमार सोनू का निधन हो गया.
मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के आवास पर उनके परिवार के लोग मौजूद हैं. प्रभात खबर की टीम ने परिजनों से बातचीत की. सुदिव्य कुमार सोनू की बड़ी भाभी ने भावुक होकर कहा कि उन्हें अब भी विश्वास नहीं हो रहा है कि सुदिव्य जी इस दुनिया में नहीं रहे.
प्रभात खबर कार्यालय में बिताए सुदिव्य कुमार सोनू के पल
11 मई 2025 को झारखंड के उच्च शिक्षा मंत्री एवं गिरिडीह विधायक सुदिव्य कुमार सोनू धनबाद स्थित प्रभात खबर के कार्यालय पहुंचे थे. इस दौरान उन्होंने प्रभात खबर की टीम से मुलाकात की और विभिन्न मुद्दों पर बातचीत की. आज उनके निधन के बाद प्रभात खबर कार्यालय में बिताए उनके ये पल एक याद बनकर रह गए हैं.
सुदिव्य सोनू का निधन अपूरणीय क्षति: मिथिलेश ठाकुर
मिथिलेश कुमार ठाकुर ने मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर गहरा दुख जताया है. उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार के मंत्री और उनके प्रिय मित्र सुदिव्य सोनू के निधन की खबर बेहद हृदयविदारक और पीड़ादायक है.
उन्होंने कहा कि जनसेवा के प्रति उनका समर्पण, उनका सहज स्वभाव और लोगों के साथ उनका आत्मीय जुड़ाव उन्हें हमेशा खास बनाता था. उनका असामयिक निधन झारखंड की राजनीति और सार्वजनिक जीवन के लिए अपूरणीय क्षति है.
जयराम महतो ने मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर गहरा दुख जताया है. उन्होंने कहा कि गिरिडीह के एक निजी अस्पताल में मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू के निधन की खबर मिली है. यह अत्यंत दुखद समाचार है. उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि.
झारखंड के मंत्री सुदिव्य कुमार के निधन पर मर्सी अस्पताल के डॉ. शहजाद शेख ने बताया कि उन्हें करीब 2:15 बजे अस्पताल लाया गया था. मरीज को पिछले दो घंटे से सीने में दर्द हो रहा था.
उन्होंने बताया कि अस्पताल पहुंचने से पहले मरीज को उल्टी हुई थी और उल्टी का कुछ हिस्सा फेफड़ों में चला गया था. अस्पताल पहुंचते ही उन्हें तत्काल इंट्यूबेट किया गया. ईसीजी जांच में हार्ट अटैक के संकेत मिले थे.
डॉ शेख के अनुसार, अस्पताल पहुंचने के करीब 10 से 15 मिनट बाद मरीज की हालत गंभीर हो गई और वह अचानक गिर पड़े. इसके बाद तुरंत सीपीआर शुरू किया गया.सभी आवश्यक चिकित्सकीय प्रक्रियाएं और जीवन बचाने के प्रयास किए गए, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.
सुदिव्य कुमार सोनू का पार्थिव शरीर रांची नहीं लाया जाएगा. गिरिडीह में ही उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा और वहीं अंतिम संस्कार किया जाएगा. उन्हें अंतिम विदाई देने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भी गिरिडीह के लिए रवाना हो गए हैं. परिवार, समर्थक और झामुमो कार्यकर्ता उन्हें अंतिम विदाई देंगे.
सुदिव्य के निधन पर दीपिका पांडेय सिंह ने जताया शोक
कांग्रेस नेता दीपिका पांडेय सिंह ने सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर गहरा शोक जताया है. उन्होंने कहा कि सुबह की शुरुआत बेहद दुखद खबर के साथ हुई और मंत्री व साथी सुदिव्य सोनू अब हमारे बीच नहीं रहे.
दीपिका पांडेय सिंह ने उनके अचानक निधन को अपनी व्यक्तिगत क्षति बताया. उन्होंने कहा कि सुदिव्य कुमार सोनू का सहज स्वभाव, स्नेहपूर्ण व्यवहार और जनसेवा के प्रति समर्पण हमेशा याद रखा जाएगा. उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति और शोकाकुल परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति देने की प्रार्थना करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि दी.
पत्नी और तीन बच्चों समेत भरा-पूरा परिवार छोड़ गए सुदिव्य सोनू
मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू अपने पीछे पत्नी, दो बेटियों और एक बेटे समेत भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं. उनके निधन से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. परिवार के साथ उनके बड़े भाई भी हैं, जो इस मुश्किल घड़ी में परिजनों के साथ खड़े हैं.
सुदिव्य का जाना मेरी व्यक्तिगत क्षति: हेमंत सोरेन
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सुदिव्य कुमार सोनू के निधन पर गहरा शोक जताया. उन्हें बड़े भाई जैसा बताते हुए कहा कि उनका जाना व्यक्तिगत क्षति है. झारखंड आंदोलन से जुड़े सोनू के संघर्ष, समर्पण और झारखंड के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को हमेशा याद रखा जाएगा.
झामुमो ने दी सुदिव्य कुमार सोनू को अंतिम जोहार
झामुमो ने अपने आधिकारिक X हैंडल पर पोस्ट कर कहा कि जिंदगी की क्षणभंगुरता एक बार फिर पूरे परिवार को गहरे दुख और शोक में छोड़ गयी है. पार्टी ने सुदिव्य कुमार सोनू को समर्पित साथी बताते हुए कहा कि उनका जाना पार्टी, सरकार और झारखंड के लिए अपूरणीय क्षति है. उनके संघर्ष, सेवा और योगदान को सदैव याद किया जाएगा.
झामुमो के प्रमुख नेताओं में थे शामिल
सुदिव्य कुमार सोनू झारखंड मुक्ति मोर्चा के प्रमुख नेताओं में शामिल थे. उन्होंने वर्ष 2019 में पहली बार गिरिडीह विधानसभा क्षेत्र से झामुमो की टिकट से चुनाव जीते थे. इसके बाद वर्ष 2024 के चुनाव में लगातार दूसरी बार जीत दर्ज की और हेमंत सोरेन सरकार में कैबिनेट मंत्री की जिम्मेदारी मिली. मंत्री के निधन की खबर से झामुमो कार्यकर्ताओं और उनके समर्थकों में गहरा शोक है. गिरिडीह की राजनीति में उनके निधन को बड़ी क्षति के रूप में देखा जा रहा है.
सुदिव्य सोनू के निधन पर रघुवर दास ने जताया दुख
रघुवर दास ने X पर लिखा, “झारखंड सरकार के मंत्री श्री सुदिव्य कुमार सोनू जी के आकस्मिक निधन का अत्यंत दुखद समाचार प्राप्त हुआ. बाबा बैद्यनाथ दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा उनके शोकाकुल परिवार और समर्थकों को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करें.
जोबा मांझी ने जताया शोक
पूर्व मुख्यमंत्री जोबा मांझी ने X पर लिखा कि झारखंड सरकार में मंत्री भाई सुदिव्य कुमार सोनू के आकस्मिक निधन की खबर से वह स्तब्ध हैं. उन्होंने कहा कि रात में अचानक उनकी तबीयत बिगड़ी और अस्पताल में इलाज के दौरान उनका देहांत हो गया. जोबा मांझी ने दिवंगत आत्मा की शांति और शोकाकुल परिवार को दुख सहने की शक्ति देने की प्रार्थना की. उन्होंने सुदिव्य कुमार सोनू के निधन को झामुमो परिवार के लिए बड़ी क्षति बताया.
झारखंड सरकार के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू का रविवार को निधन हो गया. शनिवार देर रात गिरिडीह में अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने के बाद उन्हें शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली. प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हार्ट अटैक को उनकी मौत की वजह बताया जा रहा है.