रूपी सोरेन की तबीयत में फिर उतार-चढ़ाव, CM हेमंत और कल्पना सोरेन पहुंचे हिल व्यू अस्पताल

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मां रूबी सोरेन की तबियत नाजुक. ब्रेन और किडनी की शिकायत पर अस्पताल में इलाज जारी. सीएम और कल्पना सोरेन ने ली जानकारी.

रांची. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मां और दिशोम गुरु स्वर्गीय शिबू सोरेन की पत्नी रूपी सोरेन की तबीयत में मंगलवार को फिर उतार-चढ़ाव देखने को मिला. सोमवार को उनके स्वास्थ्य में सुधार की बात सामने आयी थी, लेकिन मंगलवार को अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गयी. इसके बाद अस्पताल में डॉक्टरों की टीम अलर्ट हो गयी और उनके इलाज में लगे चिकित्सकों के अलावा शहर के अन्य विशेषज्ञ डॉक्टरों से भी परामर्श लिया गया.

सूत्रों के अनुसार, रूपी सोरेन को ब्रेन और किडनी से जुड़ी परेशानी की शिकायत होने की बात सामने आयी है. संबंधित विशेषज्ञ डॉक्टर उनकी लगातार निगरानी कर रहे हैं. हालांकि, उनकी मौजूदा स्वास्थ्य स्थिति को लेकर अस्पताल की ओर से आधिकारिक मेडिकल बुलेटिन जारी नहीं किया गया है.

रूपी सोरेन की तबीयत बिगड़ने की सूचना मिलने के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और उनकी पत्नी विधायक कल्पना सोरेन मंगलवार को अस्पताल पहुंचे. दोनों ने इलाज कर रहे डॉक्टरों से उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली और उपचार को लेकर परामर्श किया. बताया गया कि मुख्यमंत्री और कल्पना सोरेन देर शाम तक अस्पताल में मौजूद रहे.

हैदराबाद शिफ्ट करने की चर्चा, फिलहाल रांची में ही इलाज

मंगलवार शाम रूपी सोरेन को बेहतर इलाज के लिए हैदराबाद शिफ्ट किए जाने की चर्चा सामने आयी थी. हालांकि, बाद में डॉक्टरों की राय के बाद उन्हें फिलहाल हैदराबाद नहीं ले जाने का निर्णय लिया गया. वर्तमान में उनका इलाज बरियातू स्थित हिल व्यू हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर में ही चल रहा है.

गौरतलब है कि बीते शुक्रवार को रूपी सोरेन की तबीयत अचानक बिगड़ गयी थी. घर पर डॉक्टरों ने उनकी स्वास्थ्य जांच की थी. सांस लेने में परेशानी होने के बाद उन्हें बेहतर इलाज के लिए हिल व्यू हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था. तब से डॉक्टरों की निगरानी में उनका इलाज चल रहा है.

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By राजीव पांडेय

राजीव पांडेय प्रभात खबर में बतौर चीफ रिपोर्टर कार्यरत हैं. डिजिटल पत्रकारिता की दुनिया में अपनी पहचान बनाने की प्रक्रिया में हैं. फिलहाल वह हेल्थ, प्रशासनिक खबरें, गुड न्यूज और लोकल खबरों पर सक्रिय रूप से काम कर रहे है. इसके अलावा, प्रभात खबर के मल्टी मीडिया की नेशनल और सोशल मीडिया टीम के साथ मिलकर लगातार डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर यूजर्स तक प्रभावशाली और भरोसेमंद कंटेंट पहुंचाने का काम कर रहे हैं. राजीव ने प्रिंट मीडिया में अपने करियर की शुरुआत ‘अमर उजाला अखबार’ से की. यहां उन्होंने शिक्षा, रेलवे, धर्म अध्यात्म और जेंडर संवेदनशीलता के साथ सामाजिक मुद्दों को समझा. राजीव हमेशा सीखने में विश्वास रखते है.

राजीव ने रांची विश्वविद्यालय के मारवाड़ी कॉलेज से स्नातक और नैनी के सैम हिगिनबॉटम यूनिवर्सिटी ऑफ एग्रीकल्चर (इलाहाबाद कृषि संस्थान विश्वविद्यालय) के पत्रकारिता विभाग से डिप्लोमा किया है. राजीव पांडेय ने उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जनपद में बतौर ट्रेनी रिपोर्टर के रूप में लाइव इंडिया न्यूज चैनल में वर्ष 2006 में पत्रकारिता में कदम रखा. इसके बाद वर्ष 2008 में अमर उजाला के अलीगढ़ यूनिट से जुड़े. वर्ष 2010 में झारखंड के प्रतिष्ठित दैनिक अखबार प्रभात खबर में योगदान दिया.

राजीव को पत्रकारिता में 20 साल का अनुभव है. प्रभात खबर में हेल्थ से जुड़ी कई खबरें ब्रेक की हैं, जिसमें 'स्टेंट के नाम पर लूट', 'हड्डी इंप्लांट' व 'आई के लेंस' और 'सर्जिकल आइटम में मनमाना पैसा वसूलने' की खबर शामिल हैं. प्रभात खबर डिजिटल के लिए 'हेल्थ इज वेल्थ के शो' में झारखंड के 60 से अधिक डाॅक्टरों का 'पॉडकास्ट' किया है. राजीव को वर्ष 2023 में 'लाडली मीडिया नेशनल और साउथ एशिया' अवार्ड से सम्मानित किया गया है. वहीं, चेन्नई की संस्था रीच द्वारा टीबी, डायबिटीज और कैंसर पर फैलोशिप भी मिला है.

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