संवाददाता, जामताड़ा. चंदा चोरी और एमएमडीआर संशोधन बिल के विरोध में गुरुवार को कांग्रेस पार्टी की ओर से जामताड़ा के गांधी चौक पर धरना-प्रदर्शन किया गया. कार्यक्रम में मंत्री डॉ. इरफान अंसारी, कांग्रेस जिलाध्यक्ष दीपिका बेसरा समेत बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ता शामिल हुए. कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए संशोधन बिल वापस लेने की मांग की.
झारखंडियों का हक छीनना बंद करे भाजपा:इरफान अंसारी
धरना-प्रदर्शन को संबोधित करते हुए मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने केंद्र सरकार और भाजपा पर जमकर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि भाजपा झारखंडियों का हक छीनना बंद करे. झारखंड खनिज संपदा से समृद्ध राज्य है और यहां के लोगों का अपने प्राकृतिक संसाधनों पर अधिकार है.
मंत्री ने कहा कि एमएमडीआर संशोधन बिल से झारखंड को बड़ा आर्थिक नुकसान होने की आशंका है. उनके अनुसार, संशोधन के कारण भारत सरकार की ओर से झारखंड को करीब 15 हजार करोड़ रुपये के सालाना राजस्व का नुकसान हो सकता है. उन्होंने केंद्र सरकार से झारखंड के हितों को ध्यान में रखते हुए इस प्रावधान पर पुनर्विचार करने की मांग की.
स्वास्थ्य व्यवस्था प्रभावित होने की जतायी आशंका
डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि खनिज से मिलने वाले राजस्व का असर राज्य की विकास योजनाओं और स्वास्थ्य व्यवस्था पर भी पड़ता है. उन्होंने आशंका जतायी कि संशोधन लागू होने से राज्य की स्वास्थ्य व्यवस्था प्रभावित हो सकती है. उन्होंने कहा कि बाद में भाजपा के लोग ही व्यवस्था खराब होने का आरोप लगाकर राजनीति करेंगे.
छात्र आंदोलन के दौरान विधेयक पारित करने का आरोप
मंत्री ने आरोप लगाया कि जब राज्य में छात्र आंदोलन चल रहा था, उसी दौरान केंद्र सरकार ने इसका फायदा उठाते हुए विधेयक पारित कर दिया. उन्होंने दावा किया कि भाजपा शासित राज्यों में इस कानून को लागू नहीं किया गया, जबकि गैर-भाजपा शासित राज्यों पर इसे लागू करने का प्रयास किया जा रहा है.
कांग्रेस ने कहा, झारखंड के अधिकारों की लड़ाई जारी रहेगी
कांग्रेस जिलाध्यक्ष दीपिका बेसरा ने कहा कि पार्टी झारखंड के अधिकारों और जनता के हितों की रक्षा के लिए लगातार आवाज उठाती रहेगी. उन्होंने कहा कि खनिज संपदा पर राज्य के अधिकार और जनता के हितों से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जा सकता.
धरना के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए एमएमडीआर संशोधन बिल को वापस लेने की मांग की.
मौके पर कांग्रेस प्रवक्ता इरशाद उल हक आरसी, प्रभु मंडल, मुक्ता मंडल, कराली चरण सर्खेल सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहें.
