प्राकृतिक आपदाओं से निपटने के लिए जागरुकता जरूरी : डीसी

समाहरणालय सभागार में एनडीआरएफ 9वीं वाहिनी की ओर से जिलास्तर पर भूकंप (अर्थक्विक) से संबंधित दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया.

– अर्थक्विक को लेकर जिला स्तरीय दो दिवसीय कार्यशाला सह मॉक अभ्यास का आयोजनफोटो – 10 कार्यशाला में उपस्थित डीसी रवि आनंद व अन्य संवाददाता, जामताड़ा समाहरणालय सभागार में एनडीआरएफ 9वीं वाहिनी की ओर से जिलास्तर पर भूकंप (अर्थक्विक) से संबंधित दो दिवसीय कार्यशाला सह मॉक अभ्यास का आयोजन किया गया. इसका शुभारंभ डीसी रवि आनंद, सहायक कमांडेंट प्रशिक्षण, 9वीं वाहिनी के वरीय अधिकारियों ने किया. इस अवसर पर डीसी कहा कि भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा से निपटने के लिए जागरुकता और पूर्व तैयारी ही सबसे प्रभावी उपाय है. कहा, प्रत्येक व्यक्ति को भूकंप के समय सुरक्षित स्थान चुनने, घबराहट से बचने और बचाव के मूल नियमों की जानकारी होनी चाहिए. उन्होंने भूकंप के दौरान और बाद में किए जाने वाले बचाव के उपायों की जानकारी दी. भूकंप पूर्व तैयारी, त्वरित प्रतिक्रिया और प्रशिक्षण के माध्यम से नुकसान को रोका जा सकता है. डीसी ने सभी विभागों को निर्देश दिया कि वे अपने-अपने स्तर पर आपदा प्रबंधन की योजनाओं को अपडेटेड रखें. समय समय पर मॉक ड्रिल आयोजित करें ताकि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित राहत कार्य सुनिश्चित हो सके. कहा कि विद्यालयों, अस्पतालों एवं सार्वजनिक स्थलों पर लोगों को भूकंप के दौरान “ड्रॉप, कवर एंड होल्ड” की प्रक्रिया की जानकारी दें. उन्होंने अपील की कि वे अपने आसपास के लोगों को भी जागरूक करें. कार्यशाला में आपदा प्रबंधन विशेषज्ञों ने भूकंप के दौरान अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपायों पर विस्तार से जानकारी दी. शुक्रवार को भूकंप को लेकर मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा. मौके पर डीडीसी निरंजन कुमार, निदेशक आइटीडीए जुगनू मिंज, एसी पूनम कच्छप, एसडीओ अनंत कुमार, पुलिस उपाधीक्षक संजय कुमार सिंह आदि मौजूद थे.

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By UMESH KUMAR

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