विद्यालय प्रबंधन के साथ दायित्व का बोध

जामताड़ा : जामताड़ा प्रखंड परिसर के पुस्तकालय भवन में आयोजित दो दिवसीय विद्यालय विकास एवं प्रबंधन समिति का प्रशिक्षण कार्यशाला संपन्न हो गया. समापन के दिन जिला शिक्षा पदाधिकारी नारायण विश्वास ने भाग लिया. जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री विश्वास ने कहा कि प्रबंधन समिति अपने दायित्व को समझ कर विद्यालय विकास में अपनी भागीदारी सुनिश्चित […]

जामताड़ा : जामताड़ा प्रखंड परिसर के पुस्तकालय भवन में आयोजित दो दिवसीय विद्यालय विकास एवं प्रबंधन समिति का प्रशिक्षण कार्यशाला संपन्न हो गया. समापन के दिन जिला शिक्षा पदाधिकारी नारायण विश्वास ने भाग लिया. जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री विश्वास ने कहा कि प्रबंधन समिति अपने दायित्व को समझ कर विद्यालय विकास में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें.
कार्यशाला में मास्टर ट्रेनर अमरेंद्र कुमार सिंह ने प्रबंधन समिति के सदस्यों को अधिकार, दायित्व बोध से अवगत कराया. श्री सिंह ने प्रबंधन समिति के गठन के उद्देश्यों अनिवार्य शिक्षा अधिनियम, नि:शुल्क शिक्षा तथा विद्यालय विकास , संसाधनों के बारे में प्रकाश डाला. उन्होंने कहा कि विद्यालय में पुस्तकालय, शौचालय, प्रयोगशाला, कंप्यूटर रूम, बाल संसद, शिक्षकों की उपस्थिति तथा शत प्रतिशत छात्रों की उपस्थिति होना अनिवार्य है तभी विद्यालय विकास के उद्देश्य पूरा होगा. राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान की आज की स्थिति के बारे में कहा कि नामांकन की स्थिति बढ़ी, उपस्थिति बढ़ी है, लेकिन परीक्षाफल आज भी एक चुनौती के रूप में बनी हुई है. शिक्षकों की कमी आज के राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान में बहुत बड़ी चुनौती है, इस पर श्री सिंह ने विस्तृत रूप से प्रकाश डाला. कहा कि जबतक पूर्णकालीन शिक्षकों की पर्याप्त मात्रा में विद्यालयों में बहाली नहीं होगी, तबतक राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान की सफलता कोरी कल्पना होगी.
कार्यशाला में प्रबंधन समिति के सदस्यों ने कहा कि जबतक अधिकारी अपने बच्चों को सरकारी विद्यालय में नहीं पढ़ायेंगे, वहां विकास की कल्पना कतई नहीं की जा कसती है. इस अवसर पर एपीओ रवींद्र कुमार, नरेश कुमार राम, महेश कपूर,मसीहूर्रहमान सहित अन्य मौजूद थे.

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