नाला : मोहजोड़ी स्थित गिरिधारी मंदिर प्रांगण में रामनवमी के अवसर पर सात दिवसीय श्रीमद भागवत कथा संपन्न हुआ. सात दिनों तक चलें इस भागवत कथा में चार वेद, पुराण, गीता एवं श्रीमद भागवत महापुराणों की व्याख्या, प्रभुपाद, श्रीमद राधा विनोद ठाकुर गोस्वामी के मुखारवृंद से श्रवण कर उपस्थित भक्तगण गदगद हो गया.
सात दिनों तक भगवान श्री कृष्णजी के वात्सल्य प्रेम, असीम प्रेम के अलावा उनके द्वारा किये गये विभिन्न लीलाओं का वर्णन कर वर्तमान समय में समाज में व्याप्त अत्याचार, अनाचार, कटुता, व्यभिचार को दूर कर सुंदर समाज निर्माण के लिए युवाओं को प्रेरित किया. सात दिवसीय इस धार्मिक अनुष्ठान के सातवें एवं अंतिम दिन श्री गोस्वामी जी ने भगवान श्री कृष्ण जी के सर्वोपरी लीला श्री श्री रास लीला, मथुरा गमन, दुष्ट कंसराजा के अत्याचार से मुक्ति के लिए कंसबध, कुबजा उद्धार, रुक्मिणी विवाह, शिशुपाल वध एवं सुदामा चरित्र का वर्णन कर लोगों को भक्तिरस में डुबो दिया.
श्री गोस्वामी जी एवं सहयोगियों द्वारा प्रस्तुत की गई एक से एक भजन से लोगों उनके ताल एवं धुन पर नृत्य करने के लिए विवश कर दिया. श्री गोस्वामी जी ने सुंदर समाज निर्माण के लिए गीता से कई उपदेश के माध्यम अपने को उस अनुरूप आचरण करने को कहा. कहा : जो काम प्रेम के माध्यम से संभव है वह हिंसा से संभव नहीं हो सकता है. क्षणभंगुर इस जीवन में देश एवं समाज के लिए अच्छे कामों द्वारा अपना छाप छोड़ने को कहा. समाज में कुछ लोग ही अच्छे कर्मों द्वारा सदैव चिर स्मरणीय होता है. इतिहास इसका साक्षी है.
लोगों ने रातभर इस संगीतमयी भागवत कथा का आनंद उठाया. इस सात दिवसीय भागवत कथा में आस पास गांव के अलावा दूर दराज से काफी संख्या में महिला-पुरूष भक्तों ने इस कथा का आंनद उठाया. सात दिनों तक इस कथा में पुरा वातावरण भक्तिमय रहा . प्रवचन के बाद कमेटी के द्वारा उपस्थित भक्तों के बीच प्रसाद वितरण किया गया.
आज की भागवत कथा में भगीरथ महतो, डॉ उत्तम कुमार पंडित, अजय मेहरिया, कालीपद मंडल, तपन कुमार महतो ,सुजीत यादव ,स्वपन कुमार महतो ,नदीया नंद महतो ,बासुदेव महतो, प्रबोध मंडल, धीरेन्द्र नाथ महतो, बीणा पानी महतो , नंदलाल मंडल, गुरूपद महतो, पवित्र मंडल के अलावा स्थानीय लोगों के प्रयास से आंनदपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ.
