जमशेदपुर : लोकसभा में शानदार प्रदर्शन और लगातार सक्रियता का जमशेदपुर के सांसद विद्युत वरण महतो को एक बार फिर सम्मान मिला है. सांसद महतो को साल 2026 का संसद रत्न पुरस्कार प्रदान किया गया है. खास बात यह है कि उन्हें यह सम्मान लगातार पांचवीं बार मिला है. पांच बार संसद रत्न पुरस्कार पाने वाले वे इकलौते सांसद हैं. नई दिल्ली स्थित डॉ आंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर के भीम हॉल में आयोजित समारोह में केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी किशन रेड्डी ने उन्हें यह पुरस्कार प्रदान किया.
जमशेदपुर के नाम किया पुरस्कार
सांसद विद्युत वरण महतो ने लगातार पांचवीं बार संसद रत्न पुरस्कार हासिल कर एक खास उपलब्धि दर्ज की है. पुरस्कार मिलने के बाद उन्होंने इसे अपने लिए नहीं, बल्कि जमशेदपुर लोकसभा क्षेत्र की जनता को समर्पित किया. उन्होंने कहा - जनता ने जिस उम्मीद और विश्वास के साथ उन्हें संसद में भेजा है, उनकी कोशिश रहती है कि क्षेत्र की आवाज सदन तक मजबूती से पहुंचे. उनका लक्ष्य किसी पुरस्कार की अपेक्षा करना नहीं, बल्कि जनहित के मुद्दों को संसद में उठाना है.
जनता की आवाज के लिए उठाता हूं सवाल : सांसद
पुरस्कार मिलने के बाद सांसद विद्युत वरण महतो ने कहा - वे किसी पुरस्कार या सम्मान की उम्मीद में काम नहीं करते. उनका प्रयास रहता है कि क्षेत्र से जुड़े हर छोटे-बड़े महत्वपूर्ण मामले को सदन में उठाया जाये, ताकि सवालों के माध्यम से सरकार का ध्यान उन समस्याओं की ओर आकर्षित किया जा सके और उनका समाधान हो. उन्होंने कहा - लोकसभा में वे जमशेदपुर के साथ-साथ झारखंड और राष्ट्रीय स्तर के महत्वपूर्ण मुद्दों को भी यथासंभव उठाने का प्रयास करते हैं. जन-जन की सेवा करना और जनता की आवाज को सदन तक पहुंचाना ही उनका एकमात्र लक्ष्य है.
बजट सत्र तक के प्रदर्शन के आधार पर हुआ चयन
प्राइम प्वाइंट फाउंडेशन के तत्वावधान में सांसद रत्न अवार्ड कमेटी की ओर से वर्ष 2026 के संसद रत्न पुरस्कार प्रदान किये गये. इस बार कुल 10 लोकसभा सदस्यों, दो राज्यसभा सदस्यों और चार संसदीय समितियों को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया. सांसदों का चयन इस वर्ष बजट सत्र के अंत तक लोकसभा में उनके प्रदर्शन के आधार पर किया गया.
दिल्ली में जुटे दिग्गज, इनकी मौजूदगी में मिला सम्मान
पुरस्कार समारोह में केंद्रीय कोयला एवं खान मंत्री जी किशन रेड्डी मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे. केंद्रीय शिक्षा एवं उत्तर पूर्व क्षेत्र विकास राज्य मंत्री सुकांत मजूमदार सम्मानित अतिथि थे. वहीं, सर्वोच्च न्यायालय के पूर्व मुख्य न्यायाधीश बीआर गवई ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित किया. कार्यक्रम की अध्यक्षता राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग के पूर्व अध्यक्ष हंसराज अहिर ने की.
इन सांसदों और समितियों को भी मिला संसद रत्न
वर्ष 2026 के संसद रत्न पुरस्कार से सम्मानित अन्य सांसदों में जगदंबिका पाल, पीपी चौधरी, निशिकांत दुबे, डॉ एकनाथ शिंदे, प्रवीण पटेल, लुंबा राम चौधरी, हेमंत विष्णु स्वर, स्मिता उदय वाघ, नरेश गणपत म्हास्के, मेधा विश्राम कुलकर्णी और नरहरि अमीन शामिल हैं. साथ ही चार संसदीय समितियों को भी सम्मानित किया गया. इनमें कृषि संबंधी संसदीय स्थायी समिति के अध्यक्ष डॉ चरणजीत सिंह चन्नी, वित्त संबंधी समिति के अध्यक्ष भर्तृहरि महताब, ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज समिति के अध्यक्ष सप्तगिरि शंकर उलाका और कोयला एवं खान संसदीय समिति के अध्यक्ष अनुराग ठाकुर शामिल हैं.
डॉ एपीजे अब्दुल कलाम के सुझाव पर हुआ था समिति का गठन
संसद रत्न पुरस्कार समिति का गठन पूर्व राष्ट्रपति एवं भारत रत्न डॉ एपीजे अब्दुल कलाम के सुझाव पर किया गया था. सांसदों की संसदीय कार्यक्षमता, सदन में प्रदर्शन और जनहित से जुड़े मुद्दों को उठाने में उनकी सक्रियता के आधार पर यह सम्मान प्रदान किया जाता है. लगातार पांचवीं बार संसद रत्न पुरस्कार मिलना सांसद विद्युत वरण महतो के लिए बड़ी उपलब्धि है. उन्होंने इस सम्मान को जमशेदपुर लोकसभा क्षेत्र की जनता के नाम समर्पित किया है.
