जमशेदपुर: बीते दिन हुई निखार सबलोक की हत्या से पूरे शहर में डर का माहोल बना हुआ है. निखार सबलोक की हत्या के तरीके से पुलिस को आशंका है कि अपराधियों को उनके सोमवार दोपहर टेंथ माइल स्टोन होटल पहुंचने की पक्की सूचना थी. यह भी संभव है कि अपराधी जमशेदपुर से ही निखार की रेकी कर रहे हों. इस मामले में पुलिस हत्या के समय मौजूद निखार के चार साथियों से भी पूछताछ कर रही है.
घटना के दौरान एक महिला की गतिविधियां भी जांच के दायरे में हैं. सीसीटीवी में उसे लगातार फोन पर बात करते देखा गया है. पुलिस उसके मोबाइल की कॉल डिटेल, घटना के समय की लोकेशन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर रही है. साथ ही निखार के मोबाइल की कॉल डिटेल की भी जांच की जा रही है, ताकि घटना से पहले उनके संपर्क में रहे लोगों, लगातार संपर्क में रहे नंबरों और वारदात के समय मोबाइल की स्थिति की जानकारी मिल सके.
मां कर रही थी इंतजार
निखार ने सावन के अंतिम सोमवार को व्रत रखा था. दोपहर करीब तीन बजे उनकी मां ने फोन कर घर आने के बारे में पूछा. निखार ने करीब आधे घंटे में घर पहुंचने की बात कही थी. इसके बाद उसकी मां ने उनके फलाहारी के लिए साबूदाना और कुछ मीठा बनाकर रखा था. मां इंतजार कर रही थी कि बेटा आ जायेगा, तो उसे फलाहारी करायेंगे.
कई लोगों की आंखों की किरकिरी बन गये थे
निखार सबलोक का जुड़ाव जमीन से जुड़े कारोबारियों के साथ था. वे जमीन के कारोबार में जुड़ने के कारण कई लोगों की आंखों की किरकिरी बन गये थे. बताया जाता है कि कई सारी जमीन की डिलिंग में उन्होंने कई दिग्गज कारोबारियों को भी पीछे छोड़ दिया था.
विदेशों तक फैला था कारोबार
निखार सबलोक का होटल कारोबार के अलावा अन्य व्यावसायिक क्षेत्रों, यहां तक कि विदेशों तक कारोबारी गतिविधि रहा है. पुलिस इस एंगल पर भी गहराई से जांच कर रही है कि क्या किसी व्यावसायिक प्रतिस्पर्धा या पैसों के लेन-देन के कारण तो किसी ने सुपारी देकर इस वारदात को अंजाम नहीं दिलवाया है. क्या किसी बड़े अपराधी या संगठित गिरोह द्वारा प्रॉपर्टी को लेकर दबाव बनाया जा रहा था और मांग पूरी न होने पर इस खौफनाक घटना को अंजाम दिया गया.
कम उम्र में राजनीति व कारोबार में बनायी थी जगह
निखार युवा कारोबारी थे, उन्होंने कम उम्र में ही राजनीति व कारोबार में जगह बनायी थी. पढ़ाई पूरी करने के बाद उन्होंने पिता राजा सबलोक के साथ मिलकर कारोबार में हाथ आजमाना शुरू किया. निखार सफल भी हुए. रियल एस्टेट के काम में उन्होंने कई सारे काम किये. इसके साथ ही उसका जुड़ाव भाजपा के नेताओं के साथ हुआ.
वह विधायक सरयू राय के साथ काफी सालों तक रहे. उनके करीबी के तौर पर निखार सबलोक को जाना जाता रहा. लेकिन, कुछ दिनों से सरयू राय के यहां आना-जाना बंद था. भाजपा के कई नेताओं के साथ साथ उनका जुड़ाव झामुमो नेताओं के साथ भी रहा.
