jamshedpur news : लाखों रुपये बैंक में, फिर भी नहीं बच सकी अंजलि बोस

सोनारी इलाके की रहने वाली झारखंड सरकार की सेवानिवृत्त शिक्षिका अंजलि बोस की शुक्रवार सुबह लगभग 8 बजे एमजीएम अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गयी.

बैंक की कानूनी प्रक्रिया बनी बाधा, रुपये नहीं मिलने से समय पर नहीं हुआ इलाज

jamshedpur news :

सोनारी इलाके की रहने वाली झारखंड सरकार की सेवानिवृत्त शिक्षिका अंजलि बोस की शुक्रवार सुबह लगभग 8 बजे एमजीएम अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गयी. हैरानी की बात यह रही कि स्टेट बैंक ऑफ इंडिया की सोनारी शाखा में लाखों रुपये जमा होने के बावजूद बैंक की कानूनी अड़चनों के कारण समय पर पैसा नहीं मिल सका, जिससे उनका बेहतर इलाज नहीं हो पाया.

2008 में कपाली विद्यालय से सेवानिवृत्त हुई थी

अंजलि बोस वर्ष 2008 में कपाली विद्यालय से सेवानिवृत्त हुई थी. सेवानिवृत्ति के समय जितने पैसे मिले थे उसे सोनारी के स्टेट बैंक आफ इंडिया में जमा कर दिया था. अविवाहित होने के कारण उन्होंने अपने बैंक खाते में किसी को नॉमिनी नहीं बनाया था. हाल के दिनों में उनकी तबीयत लगातार बिगड़ रही थी और डॉक्टरों ने उन्हें बड़े अस्पताल में इलाज कराने की सलाह दी थी, लेकिन बैंक से धनराशि नहीं निकल पाने के कारण परिजन असहाय रहे. उनकी छोटी बहन गायत्री बोस लगातार बैंक के चक्कर काटती रहीं, लेकिन अधिकारियों ने कोई ठोस मदद नहीं की. मामले की जानकारी मिलने पर भाजपा के पूर्व नेता विकास सिंह ने हस्तक्षेप किया और सीधे उपायुक्त पूर्वी सिंहभूम को सूचित किया. उपायुक्त के निर्देश पर बैंक अधिकारी शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे अस्पताल पहुंचे, लेकिन तब तक अंजलि बोस का निधन हो चुका था.

बैंक अधिकारियों को परिजनों के आक्रोश का सामना करना पड़ा

अस्पताल पहुंचे बैंक अधिकारियों को परिजनों के आक्रोश का सामना करना पड़ा. बाद में अधिकारियों ने माफी मांगते हुए भविष्य में ऐसी गलती न दोहराने का आश्वासन दिया. विकास सिंह ने कहा कि यदि बैंक समय रहते कार्रवाई करता, तो अंजलि बोस की जान बचायी जा सकती थी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By AKHILESH KUMAR

AKHILESH KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >