जमशेदपुर: शहर और आसपास के इलाकों में लगातार हो रही बारिश के कारण बाढ़ का खतरा बढ़ गया है. खरकई और सुवर्णरेखा नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं. हालात को देखते हुए प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी कर दिया है.
सुबह 8 बजे जारी रिपोर्ट के अनुसार, आदित्यपुर पुल के पास खरकई नदी का जलस्तर खतरे के निशान (129 मीटर) से 4.85 मीटर ऊपर पहुंच गया है. वहीं, मानगो पुल के पास सुवर्णरेखा नदी का जलस्तर खतरे के निशान (121.50 मीटर) से 0.80 मीटर ऊपर दर्ज किया गया है.
स्थिति को देखते हुए चांडिल डैम, गांजिया बैराज और गालूडीह बैराज से लगातार पानी छोड़ा जा रहा है. इससे निचले इलाकों में जलभराव और बाढ़ की आशंका बढ़ गई है.
चांडिल डैम से कितना पानी छोड़ा जा रहा है?
सुबह 8 बजे के अपडेट के अनुसार, चांडिल डैम का जलस्तर 179.84 मीटर दर्ज किया गया है. डैम में कुल 462.30 एमसीएम पानी संग्रहित है.
डैम के 6 रेडियल गेट, 2 इमरजेंसी स्लुइस गेट और 2 रिवर स्लुइस गेट खोलकर 347.09 क्यूमेक्स पानी नदी में छोड़ा जा रहा है. इसके अलावा, 29.26 क्यूमेक्स पानी कैनाल में प्रवाहित किया जा रहा है.
गांजिया बैराज के सभी 13 गेट खुले
गांजिया बैराज का जलस्तर 139.50 मीटर दर्ज किया गया है. बैराज के सभी 13 गेट पूरी तरह खोल दिए गए हैं.
यहां से 5049.73 क्यूमेक्स पानी का भारी डिस्चार्ज किया जा रहा है. इससे निचले इलाकों में पानी फैलने की आशंका और बढ़ गई है.
गालूडीह बैराज से भी छोड़ा जा रहा है पानी
गालूडीह बैराज का जलस्तर 92.60 मीटर दर्ज किया गया है. बैराज के 8 स्लुइस गेट और 3 कैनाल गेट खोलकर कुल 3622.92 क्यूमेक्स पानी छोड़ा जा रहा है.
प्रशासन ने जारी किया अलर्ट
बाढ़ के बढ़ते खतरे को देखते हुए बाढ़ सेल, जमशेदपुर ने पूर्वी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां जिला प्रशासन के साथ-साथ राज्य आपदा प्रबंधन सेल, रांची को तत्काल सूचना भेज दी है.
प्रशासन ने तटीय और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति के लिए तैयार रहने की अपील की है.
