Jharkhand News: झारखंड में सुखाड़ राहत योजना के तहत 30 नवंबर तक करना है आवेदन, लेकिन नहीं खुल रही साइट

मंत्री बादल पत्रलेख ने शनिवार को विभिन्न जिलों के उपायुक्तों के साथ बैठक कर अभियान को गति देने का निर्देश दिया था. पूरे राज्य में 30 लाख से अधिक किसानों को राहत देने का लक्ष्य है.

सुखाड़ राहत योजना के तहत राहत के लिए किसानों को ऑनलाइन निबंधन कराने में परेशानी हो रही है. किसान एक रुपये टोकन मनी देकर 30 नवंबर तक करना है. लेकिन किसानों को आवेदन करने में समस्या आ रही है कि आवेदन करें कैसे. कई बार साइबर कैफे जा रहे हैं. लेकिन, साइट ही नहीं खुल रही है. किसानों की चिंता बढ़ गयी है कि आवेदन नहीं कर पाये तो राहत कैसे मिलेगी. इस योजना के तहत राज्य सरकार ने प्रति किसान 3500 रुपये देने की घोषणा की है. किसानों को 29 दिसंबर से राशि मिलेगी.

30 लाख किसानों को राहत देने की है योजना

मंत्री बादल पत्रलेख ने शनिवार को विभिन्न जिलों के उपायुक्तों के साथ बैठक कर अभियान को गति देने का निर्देश दिया था. पूरे राज्य में 30 लाख से अधिक किसानों को राहत देने का लक्ष्य है. किसानों को 3500 रुपये प्रति राशन कार्ड राहत के रूप में सरकार देगी.

भूमिहीन किसान भी उठा सकते हैं लाभ

आपको बता दें कि जिन किसानों ने पूर्व में फसल राहत योजना के तहत आवेदन दिया है, उनको भी एक रुपये का टोकन कटाना होगा. किसानों को लैंड पोजिशन सर्टिफिकेट (एलपीसी) सर्टिफिकेट लेने की जरूरत नहीं है. हल्का कर्मचारी से सत्यापित भूमि के आधार पर ही राशि का भुगतान कर दिया जायेगा. भूमिहीन किसान भी इस योजना का लाभ ले सकते हैं.

सीएससी के तहत नहीं देने होंगे 40 रुपए का शुल्क

अब किसानों को सुखाड़ राहत योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन के साथ 40 रुपए का शुल्क सीएससी या प्रज्ञा केंद्र को नहीं देना होगा. उक्त राशि का भुगतान राज्य सरकार करेगी.

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लेखक के बारे में

Author: Sameer Oraon

समीर उरांव, डिजिटल मीडिया में सीनियर जर्नलिस्ट हैं और वर्तमान में प्रभात खबर.कॉम में सीनियर कटेंट राइटर के पद पर हैं. झारखंड, लाइफ स्टाइल और स्पोर्ट्स जगत की खबरों के अनुभवी लेखक समीर को न्यूज वर्ल्ड में 5 साल से ज्यादा का वर्क एक्सपीरियंस है. वह खबरों की नब्ज पकड़कर आसान शब्दों में रीडर्स तक पहुंचाना बखूबी जानते हैं. साल 2019 में बतौर भारतीय जनसंचार संस्थान से पत्रकारिता करने के बाद उन्होंने हिंदी खबर चैनल में बतौर इंटर्न अपना करियर शुरू किया. इसके बाद समीर ने डेली हंट से होते हुए प्रभात खबर जा पहुंचे. जहां उन्होंने ग्राउंड रिपोर्टिंग और वैल्यू ऐडेड आर्टिकल्स लिखे, जो रीडर्स के लिए उपयोगी है. कई साल के अनुभव से समीर पाठकों की जिज्ञासाओं का ध्यान रखते हुए SEO-ऑप्टिमाइज्ड, डेटा ड्रिवन और मल्टीपल एंगल्स पर रीडर्स फर्स्ट अप्रोच राइटिंग कर रहे हैं.

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