वरीय संवाददाता, जमशेदपुर
मानगो नगर निगम में राजनीतिक और प्रशासनिक खींचतान अब खुलकर सतह पर आ गयी है. मेयर सुधा गुप्ता के खिलाफ एकता मंच की बैठक हुई. इसमें डिप्टी मेयर राहुल सिंह कश्यप के नेतृत्व में 22 पार्षदों ने मोर्चा खोल दिया है. सुधा गुप्ता की हाल की टिप्पणी और बोर्ड बैठक टालने से नाराज 22 पार्षदों ने मंगलवार को बैठक की. इसमें डिप्टी मेयर ने कहा कि पार्षद ही निगम के आंख, कान और हाथ होते हैं. उनके बिना मानगो का विकास संभव नहीं है.
पार्षदों ने आरोप लगाया कि बीते चार महीनों से बुनियादी विकास कार्य ठप हैं और केवल श्रेय लेने की होड़ मची है. गौरतलब है कि एक दिन पहले मेयर सुधा गुप्ता ने कहा था कि जनता ने उन्हें सीधे चुना है. इसलिए वे खुद वार्डों में जाकर जनसमस्याओं का समाधान करेंगी. बोर्ड बैठक के सवाल पर उन्होंने कहा कि एसआरओ व जनगणना कार्यों की व्यस्तता के कारण देरी हुई. उन्होंने तर्क दिया कि जब तक पार्षदों की पुरानी योजनाएं धरातल पर नहीं उतर जातीं, तब तक नयी बोर्ड बैठक का औचित्य नहीं है.
परिवार में नोकझोंक आम, साथ मिलकर करेंगे काम
बढ़ते गतिरोध पर मेयर सुधा गुप्ता ने कहा कि पूरा निगम ''टीम मानगो'' की तरह है. परिवार बड़ा है तो थोड़ी-बहुत नोकझोंक स्वाभाविक है. एक अभिभावक के रूप में शिकायतें सुनना उनका अधिकार और कर्तव्य दोनों है. उन्होंने आश्वस्त किया कि सभी पार्षदों के सुझावों का सम्मान करते हुए बिना भेदभाव हर वार्ड का समान विकास किया जायेगा.
