कई कमियों से जूझ रहा एमजीएम खतरे में पड़ सकती है मान्यता

जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल के निरीक्षण के लिए एमसीआइ की टीम के संभावित दौरे को लेकर अस्पताल अस्पताल ने तैयारी शुरू कर दी है. अस्पताल अधीक्षक व कॉलेज के प्राचार्य बैठकें कर पिछली बार एमसीआइ की टीम द्वारा बतायी गयी कमियों को पूरा करने में जुटे हुए हैं. अस्पताल में कई मशीनों की खरीदारी की […]

जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल के निरीक्षण के लिए एमसीआइ की टीम के संभावित दौरे को लेकर अस्पताल अस्पताल ने तैयारी शुरू कर दी है. अस्पताल अधीक्षक व कॉलेज के प्राचार्य बैठकें कर पिछली बार एमसीआइ की टीम द्वारा बतायी गयी कमियों को पूरा करने में जुटे हुए हैं. अस्पताल में कई मशीनों की खरीदारी की गयी है हालांकि सिटी स्कैन की खरीदारी अभी तक नहीं हो पायी है.

अस्पताल में कर्मचारियों व डॉक्टरों की कमी को लेकर परेशानी बढ़ी हुई है. पिछले दिनों अस्पताल से सीनियर रेजीडेंट के कार्यकाल की अवधि पूरा होने पर उन्हें हटा दिया गया. उनकी जगह किसी भी डॉक्टर की नियुक्ति नहीं हुई है. अस्पताल में ड्रेसर, वार्ड ब्वॉय, एंबुलेंस चालक सहित अन्य कर्मचारियों की भारी कमी है.
कंप्यूटर ऑपरेटर की कमी के कारण मरीजों का सही से रजिस्ट्रेशन तक नहीं हो पा रहा है. मॉड्यूलर ओटी में भी सही ढंग से काम नहीं हो पा रहा है. पांच मई के बाद पांच और सीनियर रेजीडेंट का कार्यकाल खत्म हो जायेगा. उनकी जगह अगर जल्द डॉक्टरों की नियुक्ति नहीं हुई तो मेडिकल कॉलेज व अस्पताल की मान्यता खतरे में पड़ सकती है.
तीन अरब 76 करोड़ से बनना है अस्पताल
पांच सौ बेड का अस्पताल तीन अरब 76 करोड़ 86 लाख 60 हजार रुपये से किया जाना है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछले दिनों इसका अॉनलाइन शिलान्यास किया था. अस्पताल निर्माण का ठेका लार्सन एंड ट्रूबो (एलएंडटी) को दिया गया है. जमीन का चयन हो चुका है.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar digital desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >