जमशेदपुर : कदमा के बसंती अपार्टमेंट में एक महिला पिछले दो माह से अपने दो बच्चों को कैद कर घर में ही रखी थी. दो माह से बच्चे स्कूल भी नहीं जा रहे थे. सूचना मिलने के बाद सोमवार देर शाम सीडब्ल्यूसी की टीम महिला के घर पहुंची. टीम के सदस्य आधे घंटे की मशक्कत के बाद फ्लैट का दरवाजा खुलवाने में सफल हुए.
काफी प्रयास के बाद महिला ने दरवाजा खोला. दोनों बच्चों को बाहर निकाला गया. बच्चों की उम्र आठ और पांच वर्ष है. दोनों को मदर टेरेसा वेलफेयर सोसाइटी में रखा गया है. महिला अंजू को साकची महिला थाने ले जाया गया.
मानसिक कुछ ठीक नहीं
बताया जाता है कि महिला के पति जम्मू में नौकरी करते हैं. सीडब्ल्यूसी के अनुसार, महिला की मानसिक स्थिति कुछ ठीक नहीं है. पिछले दो माह से दोनों बच्चों को महिला फ्लैट से बाहर नहीं निकलने दे रही थी. कभी-कभी एक बच्चे को राशन लेने के लिए बाहर भेजती थी.
सीडब्ल्यूसी की अध्यक्ष पुष्पा रानी तिर्की के मुताबिक के अनुसार, मामले की जानकारी एसएसपी को दी गयी, इसके बाद दोनों बच्चों को निकालने के लिए टीम गठित की गयी. टीम में पुष्पा रानी तिर्की, आलोक भास्कर, पवन कुमार, रंजीत प्रसाद सिन्हा, लक्ष्मी दास शामिल थे. पुलिस की मदद से टीम महिला के घर पर पहुंची. दोनों बच्चों को मुक्त कराया.
मदर टेरेसा वेलफेयर सोसाइटी में रखा गया है दोनों बच्चों को
मामले की जानकारी एसएसपी अनूप बिरथरे को दी गयी. इसके बाद टीम का गठन किया. टीम ने कार्रवाई कर दोनों बच्चों को मुक्त कराया.
– पुष्पा रानी तिर्की, अध्यक्ष, सीडब्ल्यूसी
- कदमा के बसंती अपार्टमेंट में रहती है महिला अंजू
- सीडब्ल्यूसी ने कहा महिला की मानसिक स्थिति ठीक नहीं
