जमशेदपुर : एमजीएम अस्पताल परिसर में संचालित मेडाॅल को स्वास्थ्य विभाग की ओर से एआरटी से संबंधित जांच के लिए 22 माह में 24.44 लाख रुपये का भुगतान किया गया है. यह भुगतान अगस्त 2018 में किया गया. जबकि एमजीएम अस्पताल में एआरटी सेंटर चलता है, जहां ऐसे मरीजों की नि:शुल्क जांच कर दवा दी जाती है.
इस तरह अस्पताल में नि:शुल्क होने वाली जांच से भी मेडाॅल को फायदा पहुंचाया गया है. जुलाई से दिसंबर 2016 और उसके जनवरी 2017 से अप्रैल 2018 तक एआरटी के एवज में बिल का भुगतान 24.44 लाख रुपये किया गया है.
पहले जिला स्वास्थ्य समिति करती थी भुगतान, अब एमजीएम : मेडाॅल का बिल भुगतान प्रक्रिया को आसान करने के लिए मुख्यालय स्तर से सक्रियता दिखायी गयी है. पहले मेडॉल का फाइनल बिल सिविल सर्जन कार्यालय से निर्गत होता था. इसकी जांच एमजीएम अस्पताल द्वारा की जाती थी.
मई 2017 मई में मुख्यालय से एक पत्र जारी किया गया जिसमें एमजीएम अस्पताल स्तर से ही मेडाॅल का भुगतान करने का निर्देश था. नतीजा रहा कि ढाई साल से लटका मेडाॅल का बिल चार माह के भीतर ही अगस्त में भुगतान कर दिया गया.
