हजारीबाग. हुरहुरू मुहल्ला के सिकंदर उर्फ ललु गोप हत्याकांड का खुलासा बड़ाबाजार पुलिस ने सोमवार को किया. इस मामले के आरोपी हुरहुरू के प्रताप कुमार दास उर्फ छोटू को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेपी केंद्रीय कारा भेज दिया. सदर एसडीपीओ अमित आनंद ने बताया कि 23 फरवरी की शाम सिकंदर उर्फ ललु और प्रताप कुमार दास के बीच किसी बात को लेकर विवाद हो गया था. जिसके बाद सिकंदर ने पत्थर से मारने के लिए प्रताप दास को दौड़ाया. इसी क्रम में सिकंदर गिर गया. जिसके बाद प्रताप दास ने सिकंदर के सिर पर पत्थर से वार कर उसकी हत्या कर दी. इसके बाद शव को एक कंबल में लपेटकर एक पैर में गमछा बांधकर शव को हुरहुरू मुहल्ला स्थित एक सुनसान कुआं में डाल दिया. एसडीपीओ ने बताया कि आरोपी ने साक्ष्य छुपाने के लिए शव को कुआं में डाला था. 26 फरवरी को शव कुआं के पानी के ऊपर आ गया. मुहल्लेवासियों ने इसकी जानकारी बड़ाबाजार पुलिस को दी. पुलिस ने शव को कुआं से निकाला, तो उसकी पहचान लापता सिकंदर के रूप में हुई. इस संबंध में मृतक के भाई संजय कुमार ने बड़ाबाजार टीओपी में हत्या का मामला दर्ज कराया था.
23 फरवरी की दोपहर से लापता था सिकंदर
सिकंदर उर्फ ललु गोप 23 फरवरी की दोपहर घर से निकला था. इसके बाद से वह लापता था. उसकी मां राधा देवी ने इसकी सूचना बड़ाबाजार पुलिस को दी थी. दो दिनों तक सिकंदर का पता नहीं चल सका था. सदर एसडीपीओ ने बताया कि मृतक के भाई और परिजनों ने प्रताप कुमार दास पर संदेह जताया था. इसके आधार पर पुलिस प्रताप कुमार दास को पूछताछ के लिए थाना ले आयी. गहन पूछताछ के बाद उसने सिकंदर की हत्या करने की बात स्वीकार की. प्रताप को छिनतई मामले में भी कोर्रा पुलिस ने जेल भेजा था.पत्थर से सिर पर वार कर कंबल मे लपेटकर कुआं मे डाला था-
