नमाज अदा कर मांगी आपसी सौहार्द व भाईचारे के लिए दुआ

ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व हजारीबाग जिले भर में शांतिपूर्वक मनाया गया.

हर्षोल्लास के साथ मनायी बकरीद, जिले के सभी मस्जिद में नमाज अदा की प्रतिनिधि, हजारीबाग ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व हजारीबाग जिले भर में शांतिपूर्वक मनाया गया. हजारीबाग शहर समेत सभी प्रखंडों के मस्जिदों और ईदगाह में सुबह सात बजे के करीब ईद-उल-अजहा की नमाज पढ़ी गयी. शहर के जामा मस्जिद के मौलाना अब्दुल जलील कादरी ने नमाज पढ़ाया. उन्होंने कहा कि कुर्बानी देकर अल्ला के प्रतिपूर्ण समर्पण का सम्मान करना है. नमाज के बाद देश में खुशहाली, अमन शांति के लिए दुआएं मांगी गयी. सभी लोग एक-दूसरे से गले मिलकर ईद उल अजहा का मुबारकबाद दिया. मौलाना अब्दुल जलील कादरी ने कहा कि मस्जिदों में सामूहिक नमाज अदा करने के बाद हजरत इब्राहीम ने जो कुर्बानी अल्लाह के पास पेश किया उसकी याद को जीवित रखने के लिए सभी मुस्लिम धर्मावलंबी कयामत तक इस रश्म को अदा करते रहेंगे. इस्लाम कैलेंडर के हिसाब से आखिरी महीने के दसवें दिन बकरीद मनाया जाता है. तीन दिनों तक कुर्बानी का रश्म लोग अदा कर सकते हैं. उन्होंने कहा कि इस मौके पर गरीबों की खूब मदद करें. नमाज के बाद दुआ में देश की तरक्की, खुशहाली, अमन व शांति के लिए सभी लोगों ने दुआएं मांगी. हजारीबाग शहर में सभी मस्जिदों में नमाज के बाद दूसरे से गले मिलकर लोगों ने ईद उल अजहा का मुबारकबाद दिया.

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