Hazaribagh News: गांव के स्कूलों में शिक्षकों की कमी, शहर के स्कूलों में 50 से अधिक शिक्षक प्रतिनियुक्त

हजारीबाग में ग्रामीण स्कूलों से शिक्षकों को शहरी स्कूलों में प्रतिनियुक्त किए जाने से शिक्षा व्यवस्था प्रभावित हो रही है. इससे हजारों छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पर सीधा असर पड़ रहा है. जानें इस समस्या की पूरी पड़ताल.

हजारीबागः झारखंड के हजारीबाग जिले में कक्षा नौ से 12वीं तक के सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति को लेकर सवाल उठ रहे हैं. खासकर ग्रामीण क्षेत्र के प्लस टू स्कूलों में कार्यरत बड़ी संख्या में शिक्षकों को शहरी क्षेत्र के चुनिंदा स्कूलों में प्रतिनियुक्त किए जाने से ग्रामीण स्कूलों में विषयवार शिक्षकों की कमी हो गई है. इसका सीधा असर विद्यार्थियों की पढ़ाई पर पड़ रहा है.

ग्रामीण स्कूलों में शिक्षकों की कमी

शहरी क्षेत्र में प्रतिनियुक्ति मिलने के कारण ग्रामीण इलाके के अधिकांश प्लस टू स्कूलों में विषयवार शिक्षकों की घोर कमी दर्ज की गई है. बताया जा रहा है कि 50 से अधिक ग्रामीण क्षेत्र के शिक्षक शहरी क्षेत्र के चुनिंदा स्कूलों में प्रतिनियुक्त हैं. इसी वजह से ग्रामीण स्कूलों में विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है. बीते वार्षिक मैट्रिक एवं इंटरमीडिएट परीक्षा परिणाम में हजारीबाग राज्य में सातवें स्थान पर रहा.

गांव के स्कूल में पदस्थापना, शहर में दे रहे सेवा

ग्रामीण क्षेत्र के स्कूलों में पदस्थापित शिक्षकों को शहरी क्षेत्र में प्रतिनियुक्त किये जाने को लेकर यह सवाल उठ रहा है कि शिक्षक वेतन गांव के स्कूल के नाम पर ले रहे हैं, लेकिन सेवा शहरी क्षेत्र में दे रहे हैं. प्लस टू स्कूलों के शिक्षक राज्य कैडर के होते हैं और इनकी प्रतिनियुक्ति माध्यमिक शिक्षा निदेशक के अधीन होती है. माध्यमिक शिक्षा निदेशक की ओर से पत्र जारी होने के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण क्षेत्र के शिक्षकों को शहरी क्षेत्र के स्कूलों में प्रतिनियुक्त किया गया है.

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उत्कृष्ट जिला स्कूल में भी ग्रामीण स्कूलों के शिक्षक

मुख्यमंत्री उत्कृष्ट जिला स्कूल में प्रतिनियुक्त शिक्षकों में मृत्युंजय कुमार पाठक का मूल स्कूल उत्क्रमित विद्यालय रैलीगढ़ा, डाड़ी प्रखंड है. चंद्रशेखर शर्मा का मूल स्कूल उत्क्रमित उच्च विद्यालय गोविंदपुर, विष्णुगढ़ प्रखंड है. सत्येंद्र मिश्रा का मूल स्कूल उत्क्रमित उच्च विद्यालय, टाटीझरिया प्रखंड है. पुष्पलता कुमारी का मूल स्कूल उत्क्रमित प्लस टू धरमपुर, टाटीझरिया प्रखंड है. अक्षय कुमार का मूल स्कूल उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय रागडीह, चलकुसा प्रखंड है. कंचन कुमारी का मूल पदस्थापन उत्क्रमित उच्च विद्यालय तिजपुनाई, दारू प्रखंड है. वहीं अरविंद कुमार का मूल पदस्थापन चतरा जिला में है.

गर्ल्स स्कूल में 39 में 17 शिक्षक प्रतिनियुक्त

मुख्यमंत्री उत्कृष्ट गवर्नमेंट गर्ल्स स्कूल में कार्यरत 39 शिक्षकों में 17 शिक्षक प्रतिनियुक्ति पर हैं. इनमें पांच पीजीटी और 12 टीजीटी शिक्षक शामिल हैं. श्वेता बाला (केमिस्ट्री), अजय कुमार चटर्जी (फिजिक्स), साधना नंदन (इंग्लिश), दीपांजलि लकड़ा और अंबर प्रसाद मित्रा (बायोलॉजी), रंजीत कुमार, दिनेश कुमार, नरेंद्र कुमार, अनुज कुमार, साक्षी, सतीश कुमार, कृष्ण कांत झा, राजन गुरुंग, अजित कुमार सिंह, बिरेंद्र प्रसाद कुशवाहा, चंदन कुमार और अनिल कुमार ग्रामीण क्षेत्र के शिक्षक हैं. माध्यमिक शिक्षा निदेशक के आदेश पर ये शिक्षक लंबे समय से मुख्यमंत्री उत्कृष्ट गवर्नमेंट गर्ल्स स्कूल में प्रतिनियुक्त हैं.

केस स्टडी 01: 700 से अधिक विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित

उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय सारूकुदर, विष्णुगढ़ प्रखंड में 700 से अधिक विद्यार्थी अध्ययनरत हैं. यहां गणित विषय के शिक्षक अनुज कुमार को वर्ष 2022 से शहरी क्षेत्र में प्रतिनियुक्त किया गया है. इसके कारण सारूकुदर स्कूल में विद्यार्थियों की गणित विषय की पढ़ाई प्रभावित हो रही है.

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केस स्टडी 02: 2024 से शहरी स्कूल में प्रतिनियुक्त

उत्क्रमित प्लस टू उच्च विद्यालय डूमरडीहा, कोडरमा में जीव विज्ञान विषय के लिए पदस्थापित शिक्षक अंबर मित्रा वर्ष 2024 से मुख्यमंत्री उत्कृष्ट गवर्नमेंट गर्ल्स स्कूल में प्रतिनियुक्त हैं.

केस स्टडी 03: भौतिकी की पढ़ाई पर असर

भौतिकी विषय के शिक्षक अजय कुमार चटर्जी का मूल पदस्थापन हिन्दू प्लस टू उच्च विद्यालय में है. वर्ष 2022 से उन्हें अलग-अलग तीन दिनों के लिए इंदिरा गांधी बालिका विद्यालय और तीन दिनों के लिए मुख्यमंत्री उत्कृष्ट गवर्नमेंट गर्ल्स स्कूल में प्रतिनियुक्त किया गया है. इससे हिन्दू प्लस टू उच्च विद्यालय में अध्ययनरत विद्यार्थियों की भौतिकी विषय की पढ़ाई प्रभावित है. इस विद्यालय में सैकड़ों विद्यार्थी अध्ययनरत हैं.

डीईओ ने कहा- निदेशक के आदेश का पालन करना है

हजारीबाग डीईओ कुमारी नीलम ने कहा कि प्लस टू स्कूल के शिक्षक राज्य कैडर के होते हैं. माध्यमिक शिक्षा निदेशक की ओर से जारी प्रतिनियुक्ति पत्र का पालन करना है.

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By Arif

हजारीबाग के आरिफ पिछले 26 वर्षों से प्रभात खबर के साथ निष्पक्ष, जनसरोकार एवं जमीनी पत्रकारिता से जुड़े हुए हैं. हजारीबाग में खासकर शिक्षा विभाग मतलब सरकारी स्कूल के कक्षा एक से 12वीं तक की विभिन्न विषयों पर लगातार रिपोर्टिंग कर रहे हैं. इसके अलावा कमिश्नरी ऑफिस, इंजीनियरिंग विभाग, पशुपालन विभाग, बंदोबस्त कार्यालय, आरटीओ, डीटीओ दोनों कार्यालय और जिला निबंधन कार्यालय से जुड़ी खबरों पर लगातार फोकस करते आ रहे हैं.

सामाजिक और राजनीति सरोकार से जुड़े विषयों में उनकी विशेष रूचि रही है. पत्रकारिता करने के दौरान कई राजनीतिक व्यक्तित्व, कवि, रचनाकार व लेखक से मिलना भी उनकी प्रमुख उपलब्धियों में शामिल हैं. झारखंड अलग होने से पहले प्रभात खबर में पत्रकारिता की शुरुआत चतरा जिले के टंडवा प्रखंड से की थी. तब पत्रकारिता में कई चुनौतियां थीं. इनका लगातार सामना करते हुए आज एक सफल पत्रकारिता के रूप में कार्य कर रहे हैं.

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