हजारीबाग में बाल विवाह पर प्रशासन का 'हंटर': छात्रा की शादी रुकवाने पहुंचीं BDO, अभिभावकों को 24 घंटे का अल्टीमेटम

Hazaribagh Child Marriage: हजारीबाग के पदमा में प्रशासन ने एक 14 साल की बच्ची की जिंदगी को उजड़ने से बचा लिया. कस्तूरबा विद्यालय की छात्रा फूल कुमारी की जबरन शादी की खबर मिलते ही बीडीओ निधि रजवार दलबल के साथ गांव पहुंचीं. हालांकि माता-पिता घर से गायब मिले, लेकिन बीडीओ ने साफ कर दिया है कि अगर नाबालिग की शादी हुई, तो जेल की हवा खानी पड़ेगी.

Hazaribagh Child Marriage, हजारीबाग (जयनरायण की रिपोर्ट): हजारीबाग जिले के पदमा प्रखंड अंतर्गत करर ग्राम में एक 14 वर्षीय नाबालिग बच्ची फूल कुमारी (पिता महेंद्र मेहता) का बाल विवाह कराए जाने की सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आ गया. प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) निधि रजवार बुधवार को पुलिस बल और सामाजिक कार्यकर्ताओं के साथ बच्ची के घर धमक पड़ीं. मौके पर बच्ची और उसके माता-पिता घर पर मौजूद नहीं थे. घर पर मौजूद दादा-दादी ने बताया कि वे किसी रिश्तेदार के घर गए हैं.

24 घंटे में शपथ पत्र जमा करने का निर्देश

बीडीओ निधि रजवार ने बच्ची के परिजनों को कड़ी फटकार लगाई और सख्त लहजे में निर्देश दिया कि बच्ची के बालिग होने से पहले उसकी शादी किसी भी परिस्थिति में नहीं होनी चाहिए. उन्होंने माता-पिता को 24 घंटे के भीतर ब्लॉक कार्यालय में आकर यह शपथ पत्र जमा करने को कहा कि वे बाल विवाह नहीं करेंगे. साथ ही, आदेश दिया कि अगले ही दिन से बच्ची को वापस स्कूल भेजा जाए.

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दोनों पक्षों पर होगी कड़ी कानूनी कार्रवाई

प्रशासन ने स्पष्ट संदेश दिया है कि यदि नियमों की अनदेखी कर शादी की जाती है, तो न केवल लड़की के माता-पिता, बल्कि जिस परिवार में शादी होगी, उन पर भी सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी. बीडीओ ने कहा कि बाल विवाह एक अपराध है और इसमें शामिल सभी पक्षों को जेल भेजा जाएगा.

कस्तूरबा स्कूल से छुड़ाकर शादी की थी तैयारी

जानकारी के अनुसार, फूल कुमारी कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय की छात्रा है और उसने सातवीं कक्षा पास कर आठवीं में प्रवेश लिया है. लेकिन परिजनों ने उसका स्कूल जाना बंद करा दिया था और इसी महीने उसकी शादी तय कर दी थी. इस अभियान में पदमा पुलिस टीम, जीआरसी के सदस्य और यूनिसेफ के अश्लेषा कुमार भी शामिल थे. प्रशासन की इस सक्रियता से क्षेत्र में बाल विवाह जैसी कुरीतियों के खिलाफ एक मजबूत माहौल बना है.

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Published by: Sameer Oraon

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