शहर में जगह-जगह कूड़े का अंबार, बजबजा रही नालियां

हजारीबाग : नगर निगम कर्मियों की हड़ताल दसवें दिन भी जारी रही. कर्मियों के हड़ताल पर चले जाने के कारण शहर में साफ-सफाई की व्यवस्था चरमरा गयी है. नगर निगम कार्यालय में कामकाज पूरी तरह ठप है. हड़ताल के कारम पूरे शहर में कूड़े और कचरों का अंबार लग गया है. गंदगी के कारण आम […]

हजारीबाग : नगर निगम कर्मियों की हड़ताल दसवें दिन भी जारी रही. कर्मियों के हड़ताल पर चले जाने के कारण शहर में साफ-सफाई की व्यवस्था चरमरा गयी है. नगर निगम कार्यालय में कामकाज पूरी तरह ठप है. हड़ताल के कारम पूरे शहर में कूड़े और कचरों का अंबार लग गया है. गंदगी के कारण आम जनता परेशान हैं. शहर में इधर-उधर कूड़ों के बिखरे रहने के कारण स्थिति नारकीय हो गयी है. दुर्गंध के कारण लोगों का जीना मुहाल हो गया है.
नवाबगंज रोड व डेली मार्केट की स्थिति नारकीय: सफाई नहीं होने से शहर के नवाबगंज रोड के किनारे कूड़ों का ढेर लगा हुआ है. यह कचरा सड़कों पर बिखर गया है. स्थिति यह है कि कचरे पर से होकर वाहनों का परिचालन हो रहा है और कचरा पूरे शहर में फैल रहा है. वहीं शहर के डेली मार्केट में जगह-जगह तीन से चार फीट तक कूड़े का अंबार खड़ा है. इससे बाजार में खरीदारी करनेवाले लोग परेशान हैं. वहीं बाजार के कई हिस्सों में कूड़े के ढेर पर बैठक कर किसान सब्जी बेचने को विवश हैं.शहर में एक तरफ मौसमी बीमारी से लोग परेशान हैं. दूसरी तरफ सफाई नहीं होने से बजबजाती नालियां कूड़े का ढेर से लोगों को बीमारी फैलने का डर सता रहा है.
प्रशासन ने नहीं की पहल
जिला प्रशासन व नगर निगम के अधिकारी हड़ताल समाप्त करने की दिशा में अब तक गंभीर नहीं हुए हैं. कर्मचारी पिछले दस माह का बकाया वेतन भुगतान को लेकर छह सितंबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं.
निगम के 357 कर्मचारी हड़ताल पर
नगर निगम में कार्य करनेवाले 357 कर्मचारी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर है. इनमें 170 स्थायी और 187 अस्थायी कर्मचारी शामिल हैं. इनमें स्थायी कर्मियों को पिछले दस माह से और अस्थायी कर्मियों को सात माह से मानदेय का भुगतान नहीं किया गया है. भुगतान की मांग को लेकर सभी हड़ताल पर हैं.
शहर में जमा है 200 ट्रैक्टर कचरा
पिछले दस दिनों से सफाई नहीं होने से शहर में करीब 200 ट्रैक्टर कूड़ा कचड़ा का ढेर लगा हुआ है. एक अनुमान के मुताबिक करीब 400 टन कचरा शहर के बीचों-बीच फैला हुआ है. प्रतिदिन नगर निगम की ओर से करीब 20 ट्रैक्टर कचड़े को शहर से हटाया जाता है. एक ट्रैक्टर पर करीब दो टन कचरा निकलता है. इस प्रकार पिछले दस दिनों से सफाई नहीं होने से शहर में 200 ट्रैक्टर कचरे का ढेर पड़ा हुआ है.
नगर निगम में कार्य करनेवाले 357 कर्मचारियों का मानदेय बकाया है. इन लोगों का करीब तीन करोड़ 58 लाख रुपये का मानदेय बकाया है. कर्मियों पर करीब 40 लाख रुपये प्रतिमाह मानदेय व पेंशन पर खर्च होता है.
इनमें स्थायी कर्मचारी पर करीब 28 लाख, अस्थायी पर नौ लाख और पेंशनधारियों पर करीब 1.25 लाख रुपये प्रतिमाह खर्च होता है, जबकि नगर निगम को सरकार द्वारा मानदेय अनुदान राशि एक करोड़ 80 लाख रुपये वर्ष 2016-17 के लिए प्राप्त है. इसके बाद भी नगर निगम को कर्मियों का मानदेय भुगतान के लिए करीब एक करोड़ 78 लाख रुपये की और आवश्यकता होगी.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >