इचाक. प्रखंड के सिझुआ गांव के दलित मुसहर जाति के लोगों ने उसी गंाव के बहुसंख्यक दबंगों पर सरकार द्वारा दान में दी गयी जमीन को हड़पने का आरोप लगाया है. दलितों ने इसकी शिकायत डीसी, एसपी हजारीबाग व सीओ इचाक से की है. अधिकारियों को सौंपे आवेदन में कहा है कि 26 साल पहले सरकार द्वारा सिझुआ के सोहर भुइयां, चरका भुइयां, जागेश्वर भुइयां, टहल भुइयां, इंदर भुइयां, बैजनाथ भुइयां, बूटन भुइयां, सहदेव भुइयां व सोबरन भुइयां को उक्त मौजा के खाता नंबर 930, प्लॉट नंबर 126, रकवा एक एकड़ पर सरकारी बंदोबस्ती का परचा दिया गया था. जिसके बाद से मुसहर जातियों द्वारा जमीन पर दखल कब्जा बरकरार है. आवेदन में कहा है कि उक्त खाता प्लॉट के जमीन का लगान रसीद 2014-15 तक मुसहरों के नाम से निर्गत हैं. बावजूद इसके कुछ लोगों ने जमीन की जुताई कर दी. रोके जाने पर छोटेलाल, मथुरा महतो, राजेंद्र मेहता, राधे मेहता, भीम महतो, किशोरी महतो, मनोज मेहता, छोटी महतो समेत अन्य 18-20 लोग मारपीट व गाली गलौज पर उतारू हो गये. आरोपी पक्ष के लोगों ने बताया कि दलितों को तीन एकड़ एकड़ भूमि का बंदोबस्ती परचा सरकार द्वारा दी गयी है. शेष भूमि पर ग्रामीण जुताई कर रहे थे. जिसका विरोध दलित समाज के लोग करने लगे जो अनुचित है. सीओ ने कहा: सीओ द्वारिका बैठा ने कहा कि दलितों द्वारा आवेदन दिया गया है. मामले की जंाच कर दोषियों के खिलाफ नियम संगत कार्रवाई की जायेगी.
दलितों ने भूमि हड़पने का लगाया आरोप
इचाक. प्रखंड के सिझुआ गांव के दलित मुसहर जाति के लोगों ने उसी गंाव के बहुसंख्यक दबंगों पर सरकार द्वारा दान में दी गयी जमीन को हड़पने का आरोप लगाया है. दलितों ने इसकी शिकायत डीसी, एसपी हजारीबाग व सीओ इचाक से की है. अधिकारियों को सौंपे आवेदन में कहा है कि 26 साल पहले […]
