चरही : विस्थापित प्रभावित संघर्ष मोरचा के बैनरतले हक व अधिकार को लेकर एकदिवसीय विरोध-प्रदर्शन व धरना दिया गया. इसकी अध्यक्षता अध्यक्ष शिवलाल महतो ने की, जबकि संचालन अनवर हुसैन ने किया.
चरही रेलवे साइडिंग में तापिन नॉर्थ व परेज कोलियरी से कोयले की आपूर्ति होनी है. वहां भी विरोध-प्रदर्शन किया गया. इसके पूर्व चरही लाल बंगला विवाह भवन में विस्थापित प्रभावित रेलवे साइडिंग के लोग एकजुट हुए.
वहां से मोटरसाइकिल रैली निकाली गयी, जो चरही पैतालीस कांटा होते हुए तापिन, परेज होते हुए सीसीएल महाप्रबंधक कार्यालय पहुंची. जहां विस्थापित-प्रभावित संघर्ष समिति ने धरना-प्रदर्शन किया. अध्यक्ष शिवलाल महतो ने कहा कि चरही रेलवे साइडिंग के अंतर्गत कई परिवार विस्थापित हुए. खेती से ही उनका जीवन व्यापन होता था. प्रभावितों को हक व अधिकार मिले. मोरचा के उपाध्यक्ष बासदेव करमाली ने कहा कि जब तक सीसीएल प्रबंधन विस्थापितों व प्रभावितों को हक-अधिकार नहीं देता है, तब तक आंदोलन जारी रहेगा. बाद में 17 सूत्री मांग पत्र चरही सीसीएल महाप्रबंधक को सौंपा गया.
मौके पर संतोष महतो, अमित महतो, चितरंजन महतो, कमलनाथ महतो, उपाध्यक्ष बासुदेव करमाली, सतीश कुमार साहू, निर्मल ठाकुर, शमशेर आलम, महेंद्र राम, देवकी महतो, बिरजू ठाकुर, अमित राय, जीतु ठाकुर, इंद्र करमाली, रेणु देवी, जासो देवी, मो नईम, मो हसन, मुमजात अंसारी, शक्ति देवी, सावित्री देवी, सुमा देवी, उर्मिला देवी, मंशु ठाकुर, अरजलाल ठाकुर, गणेश ठाकुर, किशोर प्रजापति, मुकेश बाबा, सुकर ठाकुर व अशोक प्रजापति समेत सैकड़ों लोग मौजूद थे.
