Gumla News: झारखंड के गुमला जिले के चैनपुर थाने के बड़ा बाबू दो दिन पहले ही थाना प्रभारी के तौर पर ज्वाइन किए थे. ज्वाइन करने के साथ ही बड़ा बाबू ने रिश्वत के जरिए नोट छापना शुरू कर दिया. ये बड़ा बाबू 30 हजार रुपये की रिश्वत ले रहे थे. धरा गए. अब उन बड़ा बाबू को एंटी-करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम रांची ले आई है. अब यहां उनसे तसल्लीपूर्वक पूछताछ किए जाने की संभावना है. इन बड़ा बाबू का नाम शैलेश कुमार है.
चैनपुर के 22वें थानेदार बने थे शैलेश कुमार
मिली जानकारी के अनुसार, झारखंड के गुमला जिले के चैनपुर थाना में दो दिन पहले ही पदभार संभालने वाले बड़ा बाबू (थाना प्रभारी) को एंटी-करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम ने रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार कर लिया.आरोपी थाना प्रभारी शैलेश कुमार ने रविवार को ही चैनपुर थाना के 22वें थानेदार के रूप में कार्यभार ग्रहण किया था.
30 हजार रुपये घूस लेते जाल में फंसे बड़ा बाबू
एसीबी की टीम ने बुधवार दोपहर करीब 2:05 बजे जाल बिछाकर शैलेश कुमार को 30 हजार रुपये घूस लेते हुए पकड़ लिया. आरोप है कि थाना प्रभारी ने पीड़ित जयपाल नायक से अपने घर के लिए ईंट पकाने के एवज में अवैध वसूली का दबाव बनाया था. पीड़ित लगातार पुलिस प्रताड़ना से परेशान था. आखिर में उसने रांची के एसीबी ऑफिस में शिकायत दर्ज कराई.
पीड़ित ने बताई आपबीती
पीड़ित जयपाल नायक ने बताया कि वह गरीब आदमी है. थाना प्रभारी द्वारा बार-बार परेशान किए जाने से मानसिक तौर पर टूट चुका था. आरोप है कि शैलेश कुमार निजी काम के लिए जबरन वसूली कर रहे थे. मजबूर होकर पीड़ित ने पूरे मामले की जानकारी एसीबी को दे दी. इसके बाद एसीबी ने प्लान बनाकर बड़ा बाबू को पकड़ लिया.
घूस लेते ही दबोचा, घर की हुई तलाशी
एसीबी के सूत्रों के अनुसार, जैसे ही शैलेश कुमार ने रिश्वत की रकम ली, पहले से तैनात एसीबी की टीम ने उन्हें मौके पर ही पकड़ लिया. गिरफ्तारी के बाद एसीबी ने उनके घर पर करीब 15 मिनट तक सर्च ऑपरेशन भी चलाया. तलाशी के बाद बुधवार की दोपहर बाद करीब 3:10 बजे आरोपी थाना प्रभारी को पूछताछ के लिए रांची ले जाया गया.
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रांची में होगी गहन पूछताछ, बढ़ सकती हैं मुश्किलें
एसीबी के सूत्रों ने बताया कि रांची में शैलेश कुमार से तसल्लीपूर्वक पूछताछ की जाएगी. इस दौरान यह भी जांच होगी कि उन्होंने पदभार संभालने के इतने कम समय में और किन-किन लोगों से घूस ली है. अगर दूसरे मामलों के भी सुराग मिलते हैं, तो उनके खिलाफ प्रीवेंशन ऑफ करप्शन एक्ट के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी. इस घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है. आम लोगों में भी इस पर चर्चा तेज हो गई है.
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