दुंदुरिया बस स्टैंड में अव्यवस्था से यात्री परेशान, जलजमाव और कीचड़ ने बढ़ाई मुश्किलें

गुमला के दुंदुरिया बस स्टैंड में जलजमाव और कीचड़ से यात्री बेहाल हैं. मूलभूत सुविधाओं के अभाव में बुजुर्गों और महिलाओं को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है.

गुमला: शहर के लोहरदगा रोड स्थित दुंदुरिया बस स्टैंड इन दिनों बदहाल व्यवस्था का शिकार है. बस स्टैंड के मुख्य द्वार के समीप जलजमाव और कीचड़ के कारण यात्रियों को आवागमन में काफी परेशानी हो रही है. मंगलवार की अपराह्न करीब तीन बजे बस कर्मियों ने बताया कि बारिश के बाद मुख्य द्वार के पास पानी जमा हो गया है, जिससे वहां कीचड़ की स्थिति बन गई है.

यात्रियों को गंदे पानी-कीचड़ के बीच से होकर जाना पड़ता है

बस पकड़ने के लिए आने वाले यात्रियों को गंदे पानी और कीचड़ के बीच से होकर बसों तक पहुंचना पड़ रहा है. सबसे अधिक परेशानी बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को हो रही है. बस कर्मियों के अनुसार, जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश के बाद अक्सर ऐसी स्थिति उत्पन्न हो जाती है. बस स्टैंड परिसर में यात्रियों के लिए पेयजल और शौचालय की भी समुचित व्यवस्था नहीं है. इससे दूर-दराज से आने वाले यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है.

जलजमाव से हो रही समस्या

बारिश के दौरान पूरे परिसर में जलजमाव होने से समस्या और गंभीर हो जाती है. बस कर्मियों और स्थानीय लोगों का कहना है कि बस स्टैंड की समस्याओं को लेकर कई बार संबंधित विभाग के अधिकारियों को जानकारी दी गई है, लेकिन अब तक स्थायी समाधान नहीं किया गया. लोगों ने प्रशासन से बस स्टैंड की नियमित साफ-सफाई कराने, जल निकासी की व्यवस्था दुरुस्त करने के साथ पेयजल और शौचालय की समुचित सुविधा उपलब्ध कराने की मांग की है. यात्रियों का कहना है कि बस स्टैंड शहर के महत्वपूर्ण सार्वजनिक स्थलों में शामिल है, ऐसे में यहां मूलभूत सुविधाओं का अभाव व्यवस्था पर सवाल खड़ा करता है.

ये भी पढ़ें: मामूली विवाद में बेटे ने पिता को उतारा मौत के घाट, आरोपी बेटा पुलिस की हिरासत में


प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By दुर्जय पासवान

दुर्जय पासवान ने वर्ष 2001 से पत्रकारिता की शुरुआत की. दैनिक जागरण में दो साल काम करने के बाद 2003 में वे प्रभात खबर से जुड़े. इसके साथ ही नयी दुनिया अखबार, प्रहार मैगजीन में भी अपनी सेवा दी. इसके बाद 2010 में वे दैनिक भास्कर गुमला का ब्यूरो इंचार्ज के रूप में काम शुरू किये. भास्कर में पांच साल सेवा देने के बाद दोबारा 2014 में प्रभात खबर में ब्यूरो इंचार्ज के रूप में वापसी की. तब से अबतक प्रभात खबर से जुड़े हुए हैं. उन्होंने नक्सलियों से जुड़ी खबरें, नक्सली घटनाएं, ग्राउंड रिपोर्ट, प्राचीन और ऐतिहासिक धरोहरों की खोज से संबंधित खबरों पर अच्छा काम किया. इन्हीं खबरों ने उन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में पहचान दी. दुर्जय पासवान बहुत लगन से अपना सभी काम का पूरा करते हैं.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >