गुमला. दीपों का पर्व दीपावली के अवसर पर गुमला में विभिन्न स्थानों पर सार्वजनिक पूजा पंडाल में मां लक्ष्मी व मां काली पूजा की गयी. पालकोट रोड में एसबीआइ बैंक के समीप मां लक्ष्मी पूजा समिति व एसएस हाइस्कूल पथ स्थित देवी मंदिर में न्यू गुमला क्लब द्वारा सार्वजनिक पूजा पंडाल में मां लक्ष्मी पूजा की गयी. पूजा पंडालों में मां लक्ष्मी के साथ मां सरस्वती व श्री गणेश जी की प्रतिमा स्थापित की गयी है. पटेल चौक में भारतीय युवा संघ श्री श्री काली पूजा समिति, डीएसपी रोड केदार बगान में मां महामाया संघ, पालकोट रोड में शक्ति मंदिर में श्री काली पूजा सह सेवा समिति, लोहरदगा रोड कुम्हार ढलान में मां भवानी संघ व लोहरदगा रोड बस डिपो में विश्व भारती संघ द्वारा सार्वजनिक पूजा पंडाल में मां काली की पूजा की गयी. कई समितियों द्वारा आकर्षक पूजा पंडाल बनाने के साथ ही आकर्षक विद्युत सज्जा की गयी है, जहां मां का दर्शन व पूजा के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ लगी रही. गुमला में सार्वजनिक रूप से पूजा पंडाल का निर्माण कर मां लक्ष्मी पूजा का इतिहास 53 वर्ष पुराना और मां काली पूजा का इतिहास 22 वर्ष पुराना है. गुमला में सार्वजनिक रूप से पूजा पंडाल का निर्माण कर मां लक्ष्मी की सबसे पहली पूजा सन 1953 में श्री लक्ष्मी पूजा समिति पालकोट रोड गुमला द्वारा की गयी थी. मां काली पूजा की शुरुआत 2004 में पटेल चौक में भारतीय युवा संघ द्वारा की गयी थी. सार्वजनिक रूप से पूजा की शुरुआत होने के बाद प्रतिवर्ष पूजा पंडाल का बना कर हर्षोल्लास से पूजा की जा रही है. न्यू गुमला क्लब द्वारा वर्ष 1972, मां भवानी संघ द्वारा वर्ष 2009, विश्व भारती संघ द्वारा वर्ष 2021 व डीएसपी रोड केदार बगान में मां महामाया संघ द्वारा इस वर्ष से पूजा की जा रही है. इधर, पूजा पंडालों में मां लक्ष्मी व मां कली की भक्तिमय गीत बजे रहे हैं, जिससे शहर का माहौल भक्तिमय बना हुआ है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
