प्रतिनिधि, गुमला : एआई तकनीक के दुरुपयोग का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है. आरोप है कि सड़क दुर्घटना का कथित फोटो (एआई) की मदद से तैयार कर नेशनल इंश्योरेंस कंपनी से बीमा क्लेम लेने का प्रयास किया गया. मामला तब उजागर हुआ जब दस्तावेजों और दुर्घटना से जुड़े तथ्यों के सत्यापन के दौरान कई विसंगतियां सामने आयी. जानकारी के अनुसार, दुर्घटना रांची में होना बताया गया. जबकि संबंधित वाहन का बीमा गुमला स्थित नेशनल इंश्योरेंस शाखा से कराया गया था.
क्लेम की जांच के दौरान कंपनी को दुर्घटना के फोटो और अन्य दस्तावेजों पर संदेह हुआ. तकनीकी जांच और उपलब्ध तथ्यों के मिलान में यह आशंका मजबूत हुई कि दुर्घटना के फोटो एआइ के जरिये तैयार या छेड़छाड़ कर प्रस्तुत किये गये हैं. बताया जाता है कि दुर्घटना स्थल, वाहन की क्षति और उपलब्ध रिकॉर्ड के बीच कई विरोधाभास पाया गया. यदि एआइ से तैयार तस्वीरों के आधार पर क्लेम स्वीकृत हो जाता, तो बीमा कंपनी को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता था. समय रहते जांच होने से कथित धोखाधड़ी का प्रयास पकड़ में आ गया.
मामले की गंभीरता को देखते हुए गुमला स्थित नेशनल इंश्योरेंस के शाखा प्रबंधक ने गुमला थाना में लिखित शिकायत दर्ज करायी है. पुलिस शिकायत के आधार पर पूरे मामले की जांच में जुट गयी है. जांच में यह भी पता लगाया जायेगा कि फर्जी फोटो तैयार करने में किन-किन लोगों की भूमिका रही और क्या किसी संगठित गिरोह का हाथ है. विशेषज्ञों का कहना है कि एआइ तकनीक जहां कई क्षेत्रों में उपयोगी साबित हो रही है. वहीं इसका दुरुपयोग कर फर्जी दस्तावेज और तस्वीरें तैयार कर आर्थिक अपराध करने की घटनाएं भी बढ़ रही हैं.
