गुमला. सिसई थाना क्षेत्र में पुलिस पर एक महिला ने गंभीर आरोप लगाये हैं. पीड़िता ने अपने पति को अवैध रूप से हिरासत में रखने और प्रताड़ित करने का आरोप लगाते हुए पुलिस अधीक्षक गुमला को लिखित आवेदन देकर न्याय की मांग की है. आवेदन के अनुसार सिलाफारी गांव निवासी बिंदिया कुमारी ने बताया कि 21 अप्रैल की रात करीब 12 बजे वह अपने पति हरिश साहू के साथ घर में सो रही थी. इस दौरान सिसई थाना की पुलिस उनके घर पहुंची और दरवाजा तोड़ कर जबरन उनके पति को उठा ले गयी. विरोध करने पर पुलिस ने बताया कि उनके रिश्तेदार प्रफुल कुमार साहू पर आर्म्स एक्ट का मामला दर्ज है और वह फरार है, इसलिए उसके नहीं मिलने पर उनके पति को ले जाया जा रहा है. महिला का कहना है कि उनके पति का इस मामले से कोई संबंध नहीं है. उन्होंने आरोप लगाया कि अगले दिन जब वह सिसई थाना पहुंचीं, तो पुलिस ने उनके पति के बारे में कोई जानकारी देने से इनकार कर दिया. पीड़िता ने आशंका जतायी कि उनके पति को अवैध रूप से थाना में बंद कर मारपीट की जा रही है. महिला ने अपने आवेदन में मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की है. आवेदन की प्रतिलिपि झारखंड उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश और राज्य के डीजीपी को भी भेजी गयी है. इधर, सिसई थाना प्रभारी नीरज ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि पुलिस आर्म्स एक्ट के आरोपी को पकड़ने गयी थी. इस दौरान सहयोग नहीं किया जा रहा था, इसलिए एक व्यक्ति को पूछताछ के लिए थाना लाया गया. उन्होंने बताया कि संबंधित व्यक्ति अपनी पहचान नहीं बता रहा था. अगले दिन पत्नी के आने और पहचान पत्र दिखाने के बाद सत्यापन हुआ, जिसके बाद उसे छोड़ दिया गया. थाना प्रभारी ने दरवाजा तोड़ने, पिटाई और प्रताड़ना के आरोपों को निराधार बताया है.
घर से पति को उठा हिरासत में रखने व प्रताड़ित करने का लगाया आरोप
महिला ने पुलिस अधीक्षक को लिखित आवेदन देकर की न्याय की मांग
