गुमला. गुमला थाना के बरगांव बरवाटोली गांव में डायन-बिसाही के नाम पर एक बुजुर्ग परिवार को प्रताड़ित करने का मामला सामने आया है. इस संबंध में गांव के 63 वर्षीय विजय गोप ने थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है. मामले को लेकर गांव में पंचायत बुलायी गयी थी. लेकिन आरोपी पंचायत के फैसले को मानने के लिए तैयार नहीं हुआ. इसके बाद पीड़ित परिवार ने पुलिस की शरण ली. आवेदन में विजय गोप ने बताया है कि गांव के ही महतो उरांव अपनी बेटी और नाती की पूर्व में हुई मौत के लिए उन्हें और उनके परिवार को जिम्मेदार ठहरा रहा है. आरोप है कि महतो उरांव लगातार उन्हें डायन-बिसाही कह कर प्रताड़ित करते हैं. साथ ही पड़ोसी माडु सिंह और उनकी पत्नी लक्ष्मी देवी को भी इस मामले में बदनाम किया जा रहा है. पीड़ित के अनुसार, आरोपी द्वारा बार-बार डायन कहे जाने से गांव और समाज में उनकी प्रतिष्ठा धूमिल हो रही है. इससे दोनों परिवारों के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है और कभी भी विवाद की स्थिति उत्पन्न हो सकती है. मामले को गंभीर होते देख सुबह करीब 8.30 बजे गांव में ग्रामसभा की बैठक हुई. इसमें दोनों पक्षों को बुला कर ग्रामीणों ने समझौता कराने का प्रयास किया. ग्रामीणों ने डायन-बिसाही जैसी कुप्रथा को अंधविश्वास बताते हुए आरोपी को भविष्य में इस तरह की बातें नहीं करने की सलाह दी. लेकिन आरोप है कि पंचायत के दौरान महतो उरांव भड़क गया और ग्रामीणों के साथ गाली-गलौज करने लगा. इतना ही नहीं, उसने पंचायत की बात मानने से इनकार करते हुए कहा कि उसकी बेटी को जादू-टोना और टोटका कर मार दिया गया है. आरोपी ने कथित रूप से यह भी कहा कि वह किसी की बात नहीं मानेगा और एक-एक को देख लेगा. पंचायत विफल होने के बाद विजय गोप ने गुमला थाना में आवेदन देकर कानूनी कार्रवाई की मांग की है. पीड़ित परिवार ने पुलिस से सुरक्षा और आरोपी पर कार्रवाई करने की गुहार लगायी है. पुलिस मामले की जांच में जुट गयी है.
डायन-बिसाही बता बुजुर्ग परिवार को प्रताड़ित करने का आरोप
इस मामले को लेकर गांव में हुई पंचायत, पीड़ित ने गुमला थाना में आवेदन देकर की कार्रवाई की मांग
