गुमला. वनवासी कल्याण केंद्र के तत्वावधान में मंगलवार को रायडीह प्रखंड के सुगाकांटा गांव में कार्यक्रम का आयोजन किया गया. इसमें सुगाकांटा गांव के संकुल के सिकोई, पाकरटोली, पांदनटोली, तुरीडीह, चटकपुर, तियनटोंगरी, देरागडीह, चापाटोली व लुंगा गांव के ग्रामीण शामिल हुए. सुगाकांटा गांव के संकुल के अंतर्गत पड़नेवाले सभी ग्रामों के विकास पर चर्चा किया गया.
राष्ट्रीय समन्वय प्रमुख डॉ महेश शर्मा ने बताया कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के योजनानुसार देशभर में ग्राम विकास के लिए ग्राम संकुल योजना बनायी गयी है. इस योजना के तहत एक संकुल में आठ से 10 गांवों को शामिल करना है. जिसके अंतर्गत झारखंड में प्रथम चरण के कार्य के लिए गुमला के सुगाकांटा गांव तथा रामगढ़ पतरातु के कल्पतरू का चयन हुआ है. कहा कि गांव का विकास गांव के सहयोग से ही होगा.
इसमें प्रत्येक ग्रामीण को अपनी सहभागिता निभाने की जरूरत पड़ेगी. क्षेत्रीय संघ चालक सिद्धिनाथ सिंह ने कहा कि इसमें संस्थाओं, सहकारी समितियों, स्वयं सहायता समूहों, प्रशासन, सांसद और विधायक कोष के सहयोग की भी आवश्यकता पड़ेगी. वनवासी कल्याण केंद्र के प्रांत प्रमुख राघव राणा ने कहा कि गांव की जागृति और सामूहिक प्रयास से गांव का विकास संभव है. कार्यक्रम में बिरजु नगेसिया, बिरसु नगेसिया, बिरजू सिंह, रोहित नगेसिया, मदन नगेसिया, फिरनाथ नगेसिया, वीरेंद्र नगेसिया, गीता देवी, राधा देवी, ममता देवी, पुरन मुंडा, शंकर लोहरा, गोंदला भगत, भवला मांझी सहित कई लोग उपस्थित थे.
