क्रियाकर्म स्थल के कच्चे रास्तों और पानी की कमी से ग्रामीण परेशान

पथरगामा प्रखंड के चिहारो पहाड़ क्रियाकर्म स्थल पर मूलभूत सुविधाओं का अभाव ग्रामीणों के लिए बड़ी समस्या बना हुआ है। यहां कच्चे रास्ते, पानी की कोई व्यवस्था, बिजली का अभाव और शेड न होने से परिजन परेशानी में हैं। पूर्व मुखिया की पहल से सभा मंडली भवन बना, लेकिन शेड नहीं बना है। ग्रामीण प्रशासन से पक्की सड़क, चापाकल, बिजली और बड़े शेड की मांग कर रहे हैं। यह समस्या केवल सुविधा नहीं, बल्कि मानवीय संवेदना और गरिमा से जुड़ी है।

प्रतिनिधि, पथरगामा प्रखंड क्षेत्र के चिहारो पहाड़ स्थित क्रियाकर्म स्थल पर मूलभूत सुविधाओं का घोर अभाव ग्रामीणों के लिए गंभीर समस्या बन गया है. दाह संस्कार के बाद परिजन जब क्रियाकर्म के लिए यहां पहुंचते हैं तो उन्हें कच्चे और टेढ़े-मेढ़े रास्ते से गुजरना पड़ता है. पक्की सड़क का अभाव लोगों को हर बार कठिनाई में डाल देता है. पीने के पानी की कोई सरकारी व्यवस्था नहीं है. प्यास बुझाने के लिए लोगों को दुर्गा मंदिर के समीप चापाकल तक जाना पड़ता है. घाट पर न तो चापाकल है और न ही कोई अन्य साधन. बिजली की सुविधा भी यहां उपलब्ध नहीं है. शाम होते ही परिजन टॉर्च और चार्जेबल लाइट के सहारे कर्मकांड पूरा करने को मजबूर होते हैं. यह स्थिति न केवल असुविधाजनक है बल्कि संवेदनशील क्षणों में परिजनों को और अधिक कठिनाई में डाल देती है. हालांकि पूर्व मुखिया हेमंत कुमार पंडित की पहल पर 15वें वित्त आयोग की राशि से सभा मंडली भवन का निर्माण कराया गया था जिससे कुछ राहत मिली. भवन बनने से पहले लोग धूप और बारिश में खुले आसमान के नीचे क्रियाकर्म करते थे. फिर भी परिजनों के लिए शेड की व्यवस्था आज भी नहीं है. स्थानीय नरसिंह भगत, गेना तिवारी, श्याम कुमार दास, राकेश दास, मुकेश दास, प्रदीप साह सहित ग्रामीणों का कहना है कि गर्मी में पानी की समस्या सबसे अधिक परेशान करती है. उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि क्रियाकर्म स्थल पर चापाकल की व्यवस्था हो, पक्की सड़क बने, बिजली की सुविधा दी जाए और परिजनों के लिए बड़ा शेड तैयार किया जाए. ग्रामीणों का कहना है कि यह केवल सुविधा का प्रश्न नहीं बल्कि मानवीय संवेदना और गरिमा से जुड़ा मुद्दा है.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

Read More
Tags

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >