बसंतराय प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत राहा पंचायत के ग्राम कोरियाना में सदगुरु कबीर साहेब के 30वें वार्षिक सम्मेलन का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर किया गया. यह सम्मेलन दो दिवसीय है, जिसमें बिहार, झारखंड एवं गुजरात सहित विभिन्न राज्यों से आये संत-महात्माओं ने भाग लिया. सम्मेलन में बिहार एवं झारखंड के संत संजीवन साहेब, महेंद्र साहेब, प्रकाश साहेब शास्त्री के साथ-साथ गुजरात से यतेंद्र साहेब एवं कुल भूषण साहेब की उपस्थिति रही. वक्ताओं ने कहा कि संत कबीर साहेब भारतीय संत परंपरा के महान चिंतक थे, जिन्होंने जाति-पांति, ऊंच-नीच एवं अंधविश्वास के विरुद्ध सशक्त आवाज उठायी. उन्होंने प्रेम, समानता एवं मानवता का संदेश समाज को दिया. उनके दोहे आज भी समाज को मार्गदर्शन प्रदान करते हैं, जिसमें पोथी पढ़ि-पढ़ि जग मुआ, पंडित भया न कोय; ढाई अक्षर प्रेम का, पढ़े सो पंडित होय. प्रवचन के दौरान जयप्रकाश शास्त्री ने सामाजिक समानता, स्त्री सम्मान, अंधविश्वास के विरुद्ध जागरूकता, शिक्षा, नैतिकता, सादगीपूर्ण जीवन, मानव प्रेम एवं भाईचारे पर विस्तार से प्रकाश डाला.
कोरियाना गांव में सदगुरु कबीर साहेब का 30वां वार्षिक सम्मेलन शुरू
दीप प्रज्वलन के साथ दो दिवसीय आयोजन का शुभारंभ, बिहार-झारखंड सहित गुजरात से पहुंचे संत
