श्रमदान कर मुहल्लेवासियों ने बदली नहर की सूरत, पानी का बहाव शुरू

पिछले समय से गंदगी और जलकुंभी से पटी पड़ी नहर की सफाई के लिए ग्रामीणों ने किसी सरकारी मदद का इंतजार करने की बजाय स्वयं कमर कसी और श्रमदान के माध्यम से नहर से कचरा व जलकुंभी बाहर निकाला.

गोड्डा. समाज में एक कहावत प्रचलित है कि जब इरादे नेक हों और एकता साथ हो, तो बड़ी से बड़ी समस्या का समाधान संभव है. कुछ ऐसा ही कर दिखाया है गोड्डा के सावरकर नगर के निवासियों ने. पिछले समय से गंदगी और जलकुंभी से पटी पड़ी नहर की सफाई के लिए ग्रामीणों ने किसी सरकारी मदद का इंतजार करने की बजाय स्वयं कमर कसी और श्रमदान के माध्यम से नहर से कचरा व जलकुंभी बाहर निकाला. जानकारी के अनुसार, गोड्डा शहर के पास भतडीहा पंचायत अंतर्गत सावरकर नगर के पास पिछले कई महीनों से नहर में झाड़ और मलबा जमा होने के कारण पानी का बहाव रुक गया था. इसके चलते मोहल्लेवासियों के घरों और गलियों में नहर का गंदा पानी जमा हो रहा था. सिंचाई विभाग व नगर परिषद में की थी शिकायत मोहल्लेवासियों ने कई बार सिंचाई विभाग, नगर परिषद एवं पंचायत प्रतिनिधियों से इसकी शिकायत की, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो सकी. भतडीहा निवासी बबलू सिंह ने बताया कि मोहल्ले के युवाओं और बुजुर्गों ने मिलकर नहर में जमा कचरा व झाड़ियों की सफाई की. नहर में अत्यधिक मात्रा में सील्ट जमा होने के कारण उसे बाहर नहीं निकाला जा सका. हालांकि, नहर से कचरा और जलकुंभी हटाते ही पानी का बहाव शुरू हो गया, जिससे मोहल्ले में जमा पानी भी बाहर निकल गया.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By SANJEET KUMAR

SANJEET KUMAR is a contributor at Prabhat Khabar.

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >