बाल विवाह मुक्ति रथ को उपायुक्त ने किया रवाना संवाददाता, गोड्डा समाहरणालय परिसर में डीसी अंजलि यादव ने साथी संस्था द्वारा संचालित बाल विवाह मुक्ति रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. इस अवसर पर उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि बाल विवाह एक अपराध है. कम उम्र में शादी होने से बालिकाओं एवं बालकों की पढ़ाई प्रभावित होती है और उनके सपने अधूरे रह जाते हैं. कम उम्र में मातृत्व के कारण स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है. उन्होंने कहा कि बाल विवाह के खिलाफ जनजागरूकता आवश्यक है और हर व्यक्ति को इसे समाप्त करने का संकल्प लेना चाहिए. गोड्डा को बाल विवाह मुक्त बनाने के लिए सभी के सहयोग की अपील की गयी. अपर समाहर्ता प्रेमलता मुर्मू ने कहा कि बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियां समाज की प्रगति में बड़ी बाधा हैं और इसके विरुद्ध सामूहिक प्रयास जरूरी हैं. मौके पर डीइओ मिथिला टुडू, बाल संरक्षण पदाधिकारी राजेश कुमार, कालेश्वर मंडल समेत अन्य उपस्थित थे.
गोड्डा को बाल विवाहमुक्त बनाने में करें सहयोग : डीसी
इस अवसर पर उन्होंने लोगों को जागरूक करते हुए कहा कि बाल विवाह एक अपराध है. कम उम्र में शादी होने से बालिकाओं एवं बालकों की पढ़ाई प्रभावित होती है और उनके सपने अधूरे रह जाते हैं. कम उम्र में मातृत्व के कारण स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है.
