गोड्डा : जिले के दो प्रखंडों में चक्रवात से हुई तबाही का मंगलवार को दिन भर आकलन किया गया. वहीं ग्रामीणों ने फसल की बरबादी और क्षतिग्रस्त मकान के मुआवजे की मांग को लेकर जगह-जगह सड़क जाम रखा. डीसी राजेश कुमार शर्मा के निर्देश पर पथरगामा में किये गये सर्वे के मुताबिक शाम के सात बजे तक करीब 400 सौ घर क्षतिग्रस्त होने की जानकारी आ पायी है. जबकि सौ से अधिक मवेशी मारे गये हैं.
खेत-खलिहान ओलावृष्टि से बुरी तरह प्रभावित हुए हैं. पथरगामा तथा गोड्डा में करोड़ों की क्षति का आकलन किया जा रहा है. समीक्षा के लिए टीम में डीडीसी पवन कुमार को मॉनिटरिंग अफसर, सीओ को जांच पदाधिकारी बनाया गया है. इनके अलावा पंचायत सेवक , रोजगार सेवक व अंचल कर्मी को लगाया गया है. विधि व्यवस्था को लेकर एसडीओ गोरांग महतो दिन भर जाम हटाने में लगे रहे.
सड़क जाम में जुटे ग्रामीणों को समझाने में जुटा रहा प्रशासन : गोड्डा-महागामा मुख्य मार्ग पर सुबह आठ बजे सबसे पहले हरना पुल के पास वृक्ष की डाली लगाकर ग्रामीणों ने जाम कर दिया. उसके पांच किमी आगे गोरसंडा गांव के पास भी ग्रामीणों ने छह घंटे सड़क जाम रखा. धमसांय पुल के पास भी ग्रामीण लाठी-डंडा के साथ सड़क पर जमे रहे. धमसांय पेट्रोल पंप के पास भी जाम किया गया. हजारों बड़े-छोटे वाहन जहां-तहां खड़े रहे. प्रशासन समझाने-बुझाने में जुटा रहा.
