बसंतराय : प्रखंड में स्ट्रीट लाइट लगाने के नाम पर सरकारी पैसे की लूट खसोट का मामला प्रकाश में आया है. संबंधित पंचायत के मुखिया व सचिव ने मिलकर प्रखंड क्षेत्र में करीब 355 स्ट्रीट लाइट लगाये गये थे, जिसमें 300 से अधिक लाइट खराब पड़ा हुआ है. इस संबंध में ग्रामीणों ने बताया कि […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
बसंतराय : प्रखंड में स्ट्रीट लाइट लगाने के नाम पर सरकारी पैसे की लूट खसोट का मामला प्रकाश में आया है. संबंधित पंचायत के मुखिया व सचिव ने मिलकर प्रखंड क्षेत्र में करीब 355 स्ट्रीट लाइट लगाये गये थे, जिसमें 300 से अधिक लाइट खराब पड़ा हुआ है. इस संबंध में ग्रामीणों ने बताया कि 14वें वित्त आयोग की राशि से एक स्ट्रीट लाइट आठ हजार नौ सौ रुपये में लगाया गया है. जबकि बढ़िया कंपनी की एक स्ट्रीट लाइट की वास्तविक मूल्य 3500 सौ से लेकर 4000 हजार रुपये तक है.
प्रखंड के बोदरा पंचायत में 141, कैथपुरा 19, केवा में 110, राहा में 45 स्ट्रीट लाइट लगाया गया है. काफी घटिया कंपनी की स्ट्रीट लाइट प्रखंड क्षेत्र में लगाया गया है जो कि अधिकांश लाइट पूरी तरह से खराब हो चुका है. वहीं किसी भी पंचायतों में बिजली विभाग से एनओसी नहीं लिया गया, जो सीधे तौर पर बिजली विभाग को नुकसान हो रहा है. ग्रामीण मो आफताब आलम, घनश्याम ठाकुर, मो हलीम छोटा, सीताराम पासवान, मकसुद आलम, मुजीबुर्रहमान, राजेंद्र ठाकुर आदि ने डीसी से जांच की मांग की है. वहीं, कार्यपालक अभियंता गोपाल वर्णवाल ने बताया कि किसी भी पंचायतों में बिजली विभाग से एनओसी नहीं लिया है.
नरैनी गांव में एक माह में ही स्ट्रीट लाइट हो गयी खराब
हनवारा. महागमा प्रखंड अंतर्गत गढी पंचायत के नरैनी गांव में मुखिया की ओर से एक माह पूर्व स्ट्रीट लाइट लगाया गया था. गांव में लगा सभी एलईडी लाइट खराब हो गया है. एक माह तक भी स्ट्रीट लाइट काम नहीं कर सका. वहीं ग्रामीणों ने बताया कि सरकार के द्वारा 8000 की राशि से एक लाइट का बिल पास हुआ है. वहीं मुखिया द्वारा मात्र 900 रुपये में खरीद कर लाइट लगाया गया है. सभी फ्यूज हो गया है. आरोप लगाया है कि मुखिया द्वारा मनमानी ढंग से लाइट लगाया गया है. वहीं, वार्ड सदस्य मोहम्मद सज्जाद आलम, वार्ड सदस्य मोहम्मद नजीर आलम, जियाउल आलम, शमशाद आलम, पप्पू, रियाज आलम आदि ने डीसी से जांच कराने की मांग की है.