उमवि सिहोडीह : एक शिक्षक के भरोसे 111 बच्चों का भविष्य

सरकार गुणवत्ता शिक्षा के लिए कई योजनाएं चला रही हैं. इसके बाद भी कई विद्यालय ऐसे हैं जहां छात्र शिक्षक के अनुपात में काफी अंतर है. कहीं बच्चे नहीं हैं, तो कहीं बच्चों के अनुपात में शिक्षक ही नहीं है.

जमुआ.

सरकार गुणवत्ता शिक्षा के लिए कई योजनाएं चला रही हैं. इसके बाद भी कई विद्यालय ऐसे हैं जहां छात्र शिक्षक के अनुपात में काफी अंतर है. कहीं बच्चे नहीं हैं, तो कहीं बच्चों के अनुपात में शिक्षक ही नहीं है. कुछ ऐसा ही मामला जमुआ प्रखंड के उत्क्रमित मध्य विद्यालय सिहोडीह का है. यहां वर्ष 2019 से मात्र एक शिक्षक है, जबकि छात्रों की संख्या 111 है. विद्यालय में प्रधानाध्यापक समेत शिक्षक के तीन पद स्वीकृत हैं. सहायक अध्यापक को ही प्रभारी प्रधानाध्यापक बनाया गया है. जनवरी माह में विद्यालय प्रबंध समिति ने केंद्रीय शिक्षा राज्य मंत्री अन्नपूर्णा देवी से इसकी लिखित शिकायत भी की, लेकिन अभी तक कोई पहल नहीं हुई है.

क्या कहते हैं प्रधानाध्यापक :

उत्क्रमित मध्य विद्यालय प्रधानाध्यापक अनिवेश कुमार ने कहा कि 2019 से ही यहां एक शिक्षक है. डीएसई से पत्राचार कर शिक्षकों की कमी दूर करने की मांग की गयी है, लेकिन अभी तक शिक्षक की प्रतिनियुक्त नहीं हुई है. इससे बच्चों का पढ़ाई बाधित हो रही है.

बीइइओ ने कहा :

बीइइओ मोहसिन अहमद ने कहा कि उक्त विद्यालय में शिक्षक के पदस्थापना को लेकर पत्र निर्गत किया गया है. मध्याह्न भोजन नियमित है. जल्द ही वैक्लपिक व्यवस्था की जायेगी.

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By Prabhat khabar news desk

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