Giridih News :लोगों ने महेंद्र के रास्ते पर चलने के लिया संकल्प

Giridih News :बगोदर के पूर्व विधायक महेंद्र सिंह के 21वें शहादत दिवस पर उनके पैतृक गांव खंभरा और बगोदर-सरिया रोड स्थित पार्टी कार्यालय के समीप भाकपा माले में कार्यक्रम हुआ. पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य ने उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर इसकी शुरुआत की.

By PRADEEP KUMAR | January 16, 2026 10:44 PM

निरसा विधायक अरूप चटर्जी, पूर्व विधायक विनोद कुमार सिंह व राजकुमार यादव समेत अन्य लोगों ने माल्यार्पण किया. इस दौरान महेंद्र सिंह की पत्नी शांति देवी की तीसरी पुण्यतिथि पर उनके चित्र पर भी माल्यार्पण किया गया. एक मिनट का मौन धारण किया गया.

खंभरा में निकली रैली

श्रद्धांजलि सभा से पूर्व समूचे खंभरा गांव में स्कूली बच्चों ने रैली निकाली. इस दौरान महेंद्र सिंह की तीनों पुत्री, पुत्रवधू ने महेंद्र सिंह के प्रतिमा और अपनी मां शांति देवी को पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी. इसके बाद बगोदर-सरिया रोड में पार्टी कार्यालय के पास महेंद्र सिंह की प्रतिमा पर समाजसेवी, शिक्षक और उनके चहेतों ने माल्यार्पण किया. उसके बाद बगोदर बस पड़ाव में संकल्प सभा हुई. अध्यक्षता उस्मान अंसारी व संचालन प्रखंड सचिव परमेश्वर महतो ने किया. संकल्प सभा के आरंभ में दो मिनट का मौन रखते हुए महेंद्र सिंह समेत क्रांतिकारी शहीदो को श्रद्धांजलि दी गयी. संकल्प सभा को जिप सदस्य शेख तैयब, जयंती चौधरी, भोला मंडल, हलधर महतो, जिला सचिव अशोक पासवान, राज्य कमेटी सदस्य मनोज भक्त, उप प्रमुख शेखर सुमन, उप प्रमुख हरेंद्र कुमार सिंह, पवन महतो, पूर्व जिप सदस्य पूनम महतो, विभा पुष्पा दीप समेत अन्य भाकपा माले के पार्टी कार्यकर्ता शामिल थे.

देश में नाम बदलने का चल रहा दौर : दीपांकर

भाकपा माले के केंद्रीय महासचिव आज देश में घुसपैठियों को खोजा जा रहा है. उन्होंने कहा कि देश में नाम बदलने का दौर चल पड़ा है. महेंद्र सिंह जिस समय थे, उन्होंने गांव में पंचायत चुनाव कराया. उसी समय गांव में उन्होंने मजदूरों को रोजगार के लिए मनरेगा के तहत काम मिले, इसकी लड़ाई लड़ी. लेकिन, आज मनरेगा योजना के नाम को रामजी योजना नाम दिया जा रहा है. नाम बदले जा रहें हैं, लेकिन उनकी मजदूरी नहीं बढ़ाई जा रही है. उन्होंने कहा कि आज देश में कंपनी का कानून चल रहा है जिससे मजदूर हैरान हैं, परेशान हैं. उन्होंने कहा कि आज संविधान खतरे में हैं. आज देश में नफरत पनपन रही है. कश्मीर में ही एक कॉलेज में नीट की परीक्षा में कितने मुस्लिम छात्र शामिल हो रहें हैं, इसकी गिनती कर रहें हैं. देश में कैंसर बीमारी नामक शोध के नाम गोबर और गो मूत्र के नाम लाखों करोड़ों रूपये लेकर गोवा घूम रहें हैं. देश में आज महिलाएं सुरक्षित नहीं है. बलात्कार की घटना बढ़ी है. वहीं बड़े-बड़े कारखाने से दिल्ली में हवा भी जहर होती जा रही है. इन्हीं जनमुद्दों को लेकर हमारी लड़ाई जारी रहेगी. वहीं चार श्रम काला कानून कोड के खिलाफ लड़ाई वाला यह साल होगी. इसे लेकर 12 फरवरी को भारत बंद का सफल कार्यक्रम होगा जिसमें व्यापक जनगोलबंदी होगी. उन्होंने कहा कि भाकपा माले प्रवासी मजदूरों के हक व अधिकार की लड़ाई लड़ते रही है. अभी नाइजर में बंधक बने आठ माह तक पांच प्रवासी मजदूरों की रिहाई में हमारे सांसद सुदामा प्रसाद, पूर्व विधायक विनोद कुमार सिंह ने लड़ाई लड़ी जिसका नतीजा है कि सभी मजदूर सकुशकल घर लौट गए. आपके हक कि आवाज को बुलंद करने का काम भाकपा माले सदा करते आ रही है. नये साल में पूरी एकता के साथ हर भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ना होगा. जैसे महेंद्र सिंह ने हम सबको लड़ना सिखाया.

महेंद्र सिंह की विरासत को यहां की जनता आगे ले जा रही है : अरूप चटर्जी

निरसा विधायक अरूप चटर्जी ने कहा कि आज महेंद्र सिंह के शहादत के 21 साल हो गये, लेकिन आज भी उनकी शहादत पर उमड़ने वाली भीड़ इस बात का गवाही देता है कि वह जनता के लिए ही जिये. महेंद्र सिंह ने लड़ना सिखाया. यही कारण है कि लोग अपनी हक की लड़ाई के लिए लड़ रहें हैं. आज उनकी कमी खलती है. उन्होंने कहा कि उन्हीं के नक्शे कदम पर पूर्व विधायक विनोद कुमार सिंह चल रहें हैं. वह आपके सुख-दुख में साथ रहते हैं. चाहे प्रवासी मजदूर की बात हो या फिर कोई और अन्य मुद्दा, उनकी लड़ाई कल भी सदन में थी और आज सड़क पर होता दिख रहा है. आने वाला साल संघर्षों का होगा. इन्हीं सब को लेकर महेंद्र सिंह के सपनों को पूरा करने के लिए आगे आना होगा. कदम से कदम मिलाकर चलना होगा.

भाकपा माले की लड़ाई अधिकार के लिए जारी रहेगी : विनोद सिंह

पूर्व विधायक विनोद कुमार सिंह ने कहा कि आज उस दौर में महेंद्र सिंह को याद किया जा रहा है, जिस समय महिलाओं के साथ हिंसा और दुष्कर्म की घटना बढ़ी है. उन्होंने कहा कि आज प्रवासी मजदूरों के हित में कोई कानून नहीं बन रहा है. मजदूर देश के विभिन्न कोने में रोजगार के लिए जद्दोजहद कर रही है. यूं तो महेंद्र सिंह को याद करने के लिए कई आयाम हैं. चाहे वह जन संघर्षों की बात हो, जेल की सुधार का आंदोलन की बात हो, थाना या ब्लॉक में हक अधिकार के लिए लड़ाई हो, हर जगह महेंद्र सिंह के बताये रास्ते पर चलने की जरूरत है. राज्य में पंचायत व छात्रवृत्ति की राशि रोकी जा रही है. वहीं, देश भर में श्रम काला कानून लागू किया जा रहा है. पलायन रोकने के लिए जी राम जी योजना लायी जा रही है. जिस विकसित भारत का नाम दिया जा रहा है, लेकिन इस योजना में मजदूर के लिए 255 रुपये मजदूरी निर्धारित की गयी है. जाहिर सी बात है कि कॉरपोरेट घरानों के हितों में साधने के लिए पलायन कराया जा रहा है. आज महेंद्र सिंह को उस दौर में याद किया जा रहा है जहां जाति, धर्म की राजनीति चरम पर है. महेंद्र सिंह का शहादत दिवस संकल्प लेने के लिए होता है. चाहे वह राज्य की उपेक्षा का सवाल हो, उनके लिए भी भाकपा माले की लड़ाई जारी रहेगी. उन्होंने कहा कि नाइजर में बंधक बने प्रवासी मजदूर लौट गये हैं. डुमरी के प्रवासी मजदूर विजय महतो का शव दो माह से साउदी में है. इसे लेकर उनके हितों के लिए भी कानून बने, यह संकल्प होगा.

देश में लूट की संस्कृति चल रही है : राजकुमार यादव

पूर्व विधायक राजकुमार यादव ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि झारखंड के नव निर्माण के बाद जो महेंद्र सिंह का सपना था, वह कहीं न कहीं आज भी हाशिये पर है. आज भी जल, जंगल की लड़ाई लड़ी जा रही है. आज झारखंड हो या फिर देश में एक लूट की संस्कृति चल रही है. आज भी देश की 70 प्रतिशत आबादी रोटी, कपड़ा, मकान के लिए संघर्ष कर रहें हैं. इन्हीं सब सवालों को लेकर भाकपा माले का यह साल संघर्षों का होगा. उन्होंने कहा कि जिस तरह से मोदी सरकार ने देश के अंदाणी और अंबानी कि सरकार उन्हें लूट की छूट दी है. इसके खिलाफ देश की जनता खड़ी हो रही है. अभी देश में मनरेगा को खत्म करने पर तुली हुई है. वहीं झारखंड में छात्रवृत्ति को खत्म किया गया है. किसानों की जमीन लूटी जा रही है. भ्रष्टाचार मुक्त और लूट खसोट के खिलाफ महेंद्र सिंह के बताये रास्ते पर चलते हुए लड़ाई जारी रहेगी. उन्होंने कहा कि गिरिडीह जिला में अनाज घोटाला का उद्भेदन नहीं हो सका है.

ढोल-नगाड़े के साथ जुलूस की शक्ल में बगोदर बस पड़ाव में जुटे लोग

बगोदर पूर्वी, पश्चिमी, मध्य और विष्णुगढ़ जोन से जिप सदस्य शेख तैयब, उप प्रमुख हरेंद्र कुमार सिंह, पूर्व मुखिया संतोष रजक के नेतृत्व में जुलूस के साथ लोग पहुंचे. विष्णुगढ़ जोन से लोग ढोल-नगाड़े के साथ लोग अपने जननायक महेंद्र सिंह को श्रद्धांजलि देने पहुंचे थे

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