गावां प्रखंड में एक बार फिर हाथियों का उत्पात शुरू हो गया है. शनिवार और रविवार की रात हाथियों के झुंड ने धनेता गांव में जमकर उत्पात मचाया. हाथियों ने खेतों में लगी धान और मक्का की फसल को रौंदकर बर्बाद कर दिया. इसके अलावा खेत में बनाया गया मचान भी तोड़ दिया.
हाथियों ने पपीता समेत कई अन्य पेड़ों को भी जमीन पर गिरा दिया. इससे ग्रामीणों को काफी नुकसान हुआ है. हाथियों के लगातार गांव के आसपास पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है.
वन विभाग से मुआवजे की मांग
हाथियों के उत्पात से प्रभावित ग्रामीण मदन मिस्त्री ने वन विभाग से नुकसान का आकलन कराने और उचित मुआवजा देने की मांग की है. ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों के बार-बार गांव के आसपास पहुंचने से फसलों और संपत्ति को नुकसान का खतरा बना रहता है.
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दिन में जंगल, रात होते ही गांव की ओर लौटते हैं हाथी
इस संबंध में वनपाल राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि हाथियों के झुंड को लगातार खदेड़ने का प्रयास किया जा रहा है. दिन में हाथी बरदोनी जंगल की ओर चले जाते हैं, लेकिन रात होते ही फिर गांव की ओर लौट आते हैं. वन विभाग की टीम हाथियों की गतिविधियों पर लगातार नजर रख रही है और उन्हें गांव से दूर रखने का प्रयास किया जा रहा है.
