गिरिडीह. सरिया विद्युत अनुमंडल क्षेत्र की चिरुवां पंचायत स्थित जामा मस्जिद के समीप लगा ट्रांसफॉर्मर वज्रपात की चपेट में आने से 18 दिन पूर्व जल गया था. इसके बाद से क्षेत्र के उपभोक्ताओं को बिजली संकट का सामना करना पड़ रहा है. रविवार को बिजली विभाग की ओर से 100 केवीए का मरम्मत किया हुआ ट्रांसफॉर्मर भेजा गया, लेकिन स्थानीय उपभोक्ताओं ने इसे लगाने से मना कर दिया. उपभोक्ताओं का कहना था कि बार-बार ट्रांसफॉर्मर खराब होने की समस्या को देखते हुए यहां 200 केवीए का नया ट्रांसफॉर्मर लगाया जाये. विरोध के बाद विभागीय कर्मी ट्रांसफॉर्मर को वापस ले गये.
अधिक लोड के कारण बार-बार खराब होने का दावा
स्थानीय उपभोक्ताओं ने बताया कि जामा मस्जिद क्षेत्र में पहले से 100-100 केवीए क्षमता के दो ट्रांसफॉर्मर लगे हैं. उनका दावा है कि अधिक भार के कारण दोनों ट्रांसफॉर्मर बार-बार खराब होते रहते हैं. उपभोक्ताओं के अनुसार अब तक करीब 10 से 12 बार ट्रांसफॉर्मर जलने की समस्या सामने आ चुकी है. इससे बिजली आपूर्ति प्रभावित होने के साथ लोगों को परेशानी उठानी पड़ती है.
उपभोक्ता सुलेमान अंसारी समेत अन्य लोगों ने बताया कि समस्या की जानकारी विद्युत अधीक्षण अभियंता, गिरिडीह और सहायक विद्युत अभियंता, डुमरी को दी गयी थी. उन्होंने विभाग से 200 केवीए का नया ट्रांसफॉर्मर लगाने की मांग की थी, ताकि बार-बार उत्पन्न होने वाली समस्या से राहत मिल सके.
मरम्मत ट्रांसफॉर्मर लगाने से किया इनकार
रविवार को विभाग की ओर से 100 केवीए का मरम्मत किया हुआ ट्रांसफॉर्मर भेजे जाने के बाद उपभोक्ताओं ने इसका विरोध किया. उनका कहना था कि कम क्षमता वाला ट्रांसफॉर्मर लगाने से समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा. इसी कारण उन्होंने विभागीय कर्मियों को ट्रांसफॉर्मर उतारने नहीं दिया. इसके बाद कर्मी ट्रांसफॉर्मर को वापस लेकर चले गये.
उपभोक्ताओं ने कहा कि विभाग यदि बिजली व्यवस्था में स्थायी सुधार करना चाहता है, तो 200 केवीए क्षमता का नया ट्रांसफॉर्मर उपलब्ध कराये. उन्होंने मरम्मत किया हुआ ट्रांसफॉर्मर लगाने से साफ इनकार किया है. फिलहाल क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बहाल करने को लेकर विभाग और उपभोक्ताओं के बीच समाधान नहीं हो सका है.
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