24 हाथियों का झुंड कपिलो पंचायत के रजमनिया होते हुए किसानों की मकई, भिंडी समेत अन्य फसल नष्ट करते हुए कोठातरी पहुंचा. हाथियों के झुंड ने उत्क्रमित मध्य विद्यालय कपिलो में जमकर उत्पात मचाया. हाथियों ने स्कूल के मुख्य दरवाजे की दीवार व गेट को ध्वस्त करते हुए मध्याह्नन भोजन का सात क्विंटल, 50 किलो दाल, 15 किलो सरसों तेल चट कर गये. वहीं, चार कमराें की आठ खिड़की, पुरानी किताब, 50 स्कूली बैग, बच्चों की 20-25 सेट पोशाक व ड्राइंग किट को भी नष्ट कर दिया. नष्ट सामग्री को लोग रात में ही स्कूल से उठाकर ले गये. समीना खातून की मुर्गी फार्म की चहरदीवारी के अंदर लगा नारियल का दो पौधा, आम का तीन पेड़ व बालो खातून की चाहरदीवारी को क्षतिग्रस्त कर दिया.
कुछ सामान ले गये लोग
स्कूल के सचिव सचिव हरदेव मोदी, सहायक अध्यापक रंजीत यादव ने बताया कि हाथियों ने काफी तबाही मचायी. इसमें लगभग दो लाख रुपये की क्षति हुई है. बच्चों का स्कूली बैग, पुरानी किताब, छात्राओं का ड्रेस लोग लेकर भाग गए. कहा कि घटना की जानकारी बीइइओ व वन विभाग के अधिकारी को लिखित रूप से दे दी गयी है.
नवंबर 2025 में दो लोगों की ली थी जान
नवंबर 2025 में हाथियों ने बाराडीह, ताराटांड़, बेलाटांड़, चितनखारी व जमुनियाटांड़ में काफी संख्या में किसानों के खेत में लगी धान को बर्बाद कर दिया था. इसमें झुंड से बिछड़े एक हाथी से गादी में दो लोगों की कुचल दिया, जिससे उनकी मौत हो गयी थी. वहीं, पेशम में एक व्यक्ति को पटक कर गंभीर रूप से घायल कर दिया था.
क्या कहते हैं वन विभाग के अधिकारी
प्रभारी फॉरेस्टर योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि हाथियों जिन्हें नुकसान पहुंचाया है, उनकी रिपोर्ट बनाकर जिले में भेजी जा रही है. सभी लोगों को विभाग से निर्धारित राशि दिलायी जायेगी. कहा कि झुंड में 24 हाथी हैं. झुंड कोडरमा के पपलो जंगल होते हुए रजमनियां और उसके बाद कपिलो कोठातरी टोला पहुंचा है. सूचना मिलते ही वह अपने सहयोगियों के साथ टोला पहुंचे. ग्रामीणों के सहयोग से झुंड को रातभर भगाने का प्रयास किया था. अभी हाथी बिरनी के बेहराबाद जंगल में डेरा जमाये हुए हैं. वहां से खदड़ने का लगातार प्रयास किया जा रहा है. साथ ही इस बात पर जोर है कि हाथियों के झुंड को गांव में प्रवेश नहीं करे.
