एक के बाद एक घटना को अंजाम देकर संगठन में बढ़ा चुका है अपना कद
संवाददाता : अमरनाथ
गिरिडीह : नक्सली संगठन भाकपा माओवादी के कुख्यात नक्सली चिराग की मौत के बाद झारखंड-बिहार की सीमा क्षेत्र का आतंक सुरंग यादव बन गया है. एक के बाद एक घटनाओं को अंजाम देकर सुरंग ने संगठन में अपने कद को बढ़ा चुका है. वर्तमान में जोनल कमांडर बन चुका सुरंग की गतिविधि एक वर्ष के दरमियान में इलाके में बढ़ती जा रही है.
जमुई के सोनो-चकाई, चरकापत्थर तो गिरिडीह के देवरी, भेलवाघाटी, तिसरी, लोकाय, बेंगाबाद व गावां तक सुरंग की दहशत फैलती जा रही है. 22 मई 2016 को चकाई थाना इलाके के बोंगी पंचायत के गादी गांव में टीपन मंडल, योगेन्द्र तुरी व मुकेश राय की गला रेतकर हत्या के बाद 13 जुलाई को सीमा से सटे सिमराढाब में महेन्द्र राय की हत्या.
29 जनवरी 17 को चकाई थाना इलाके के हरणी केचुआ सड़क निर्माण कंपनी के मुंशी संजय पांडेय की गला रेतकर हत्या में सुरंग के दस्ते के शामिल होने की बात सामने आयी थी. इन घटनाओं के बाद रमनीटांङ में मुखिया पुत्र समेत दो की हत्या में एक बार पुन: सुरंग का नाम सामने आया है.
16 वर्षों से संगठन में सक्रिय है सुरंग
बताया जाता है कि सुरंग यादव चरकापत्थर थाना इलाके नावाआहर गांव का निवासी है. जानकारों की माने तो सुरंग वर्ष 2001 में अपने पांच साथियों के साथ संगठन में शामिल हुआ था. बाद में वह बालेश्वर, चिराग और प्रवेश के दस्ते में चलने लगा. 2014 में मदन राय नामक नक्सली की गिरफ्तारी हुई. मदन की गिरफ्तारी के बाद यह बात सामने आया की सुरंग एरिया कमांडर बन गया है.
सुरंग को चकाई व गिरिडीह के कुछ इलाके का प्रभार दिया गया था. एरिया कमांडर बनने के बाद सुरंग नक्सली दिनेश पंडित के साथ चकाई व गिरीडीह सीमा पर सीमराढाव के जंगलों में संगठन का कार्य देख रहा था. दिनेश पंडित के बाद चिराग के पुलिस मुठभेङ में मारे जाने के बाद जमुई व गिरिडीह के इलाके मे लेवी वसूलने का काम संगठन ने सुरंग को सौंपा.
जिम्मा मिलते ही सुरंग यादव ने हत्याओं का सिलसिला शुरू किया. बताया जाता है कि सुरंग सीमावर्ती इलाके में अक्सरा सक्रिय रहता है और घटनाओं को अंजाम दे रहा है. दोनों राज्यों के जमुई व गिरिडीह जिले की सीमा पर अब सुरंग दहशत बन चुका है.
पकड़ने का कई बार हो चुका है प्रयास
बताया जाता है कि सुरंग को पकड़ने के लिये दोनों राज्यों की पुलिस व सीआरपीएफ परेशान है. सुरंग की सूचना पर कई दफा इलाके में सर्च अभियान भी चलाया गया है. अभी भी दोनों राज्यों की पुलिस सुरंग को पकड़ने में जुटी हुई है. रविवार की रात की घटना के बाद से दोनों राज्यों की पुलिस के द्वारा सुरंग की जानकारी इकट्ठा कर रही है.
