प्रखंड के एक दर्जन से अधिक कर्मियों पर एक साथ की गई दंडात्मक कार्रवाई

16 जुलाई को डीसी ने किया था डंडई प्रखंड कार्यालय का औचक निरीक्षण, गायब पाये गये थे कर्मी

16 जुलाई को डीसी ने किया था डंडई प्रखंड कार्यालय का औचक निरीक्षण, गायब पाये गये थे कर्मी

गढ़वा. उपायुक्त दिनेश कुमार यादव द्वारा सरकारी दायित्वों के प्रति लापरवाही बरतने एवं बगैर किसी सूचना के अनाधिकृत रूप से कार्यालय में अनुपस्थित पाये जानेवाले डंडई प्रखंड के लगभग एक दर्जन से अधिक कर्मियों पर दंडात्मक कार्रवाई की है. उपायुक्त दिनेश कुमार यादव ने 16 जुलाई को डंडई प्रखंड सह अंचल कार्यालय एवं पंचायत भवन का औचक निरीक्षण किया था, जिसमें सरकारी कार्यों में घोर लापरवाही सामने आयी. निरीक्षण के दौरान एक दर्जन से अधिक कर्मी बिना सूचना के कार्यालय से गायब पाये गये थे, जिसके बाद सभी से स्पष्टीकरण मांगा गया था. असंतोषजनक स्पष्टीकरण के कारण उपायुक्त ने सख्त रुख अपनाते हुये दंडात्मक कार्रवाई की. जिन कर्मियों पर कार्रवाई हुई, उनमें 15वें वित्त के कनिष्ठ अभियंता जितेंद्र गंझु, कनिष्ठ अभियंता मनोज कुमार पांडेय, प्रखंड समन्वयक (पंचायती राज) विकास कुमार, लेखा सहायक जितेंद्र रजक, रोजगार सेवक प्रेमचंद वर्मा, अनिल करकेट्टा, विनय चौबे, बीएफटी रोहित कुमार शामिल हैं. इन सभी के कार्य करने पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाते हुये मानदेय भुगतान को भी स्थगित कर दिया गया है.

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स्थानांतरण और निलंबन की भी कार्रवाई

रोजगार सेवक पंकज कुमार को भी अनधिकृत अनुपस्थिति और असंतोषजनक स्पष्टीकरण के चलते डंडई से भंडरिया स्थानांतरित कर दिया गया है. वहीं, अतिरिक्त प्रभार में कार्यरत ग्राम सेविका मंजू देवी न केवल निरीक्षण के दौरान अनुपस्थित रहीं, बल्कि डीसी द्वारा निर्धारित तिथि पर भी उपस्थित नहीं हुईं. इसे गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर रंका प्रखंड मुख्यालय में प्रतिनियुक्त किया गया है. इसी तरह अंचल कार्यालय के लिपिक प्रभाशंकर दुबे एवं अरुण रवि को भी गैरहाजिरी, लापरवाही और कार्यशैली में शिथिलता के आधार पर निलंबित कर क्रमशः खरौंधी और केतार प्रखंड में मुख्यालय तय किया गया है.

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बीडीओ को भी चेतावनी

पंचायत भवन की निष्क्रियता और इतने अधिक कर्मियों की अनुपस्थिति को देखते हुए डंडई बीडीओ से भी स्पष्टीकरण लिया गया. संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर उन्हें अधीनस्थ कर्मियों को अनुशासित करने और कार्यालय संचालन में सुधार लाने की सख्त चेतावनी दी गयी है. साथ ही भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति न हो, इसके निर्देश भी दिये गये हैं.

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By Akarsh aniket

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