दहेज में पांच लाख और बाइक की मांग, 18 वर्षीय विवाहिता की मौत; पति गिरफ्तार

नरखोरिया गांव में दहेज की मांग पूरी न होने पर 18 वर्षीय विवाहिता की बेरहमी से हत्या कर दी गई. मृतका के परिवार की शिकायत पर पुलिस ने पति समेत छह लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है. मामले में पति को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है.

श्री वंशीधर नगर. नगर ऊंटारी थाना क्षेत्र के नरखोरिया गांव में दहेज की मांग को लेकर 18 वर्षीय विवाहिता नेहांसी कुमारी की हत्या कर शव को फांसी के फंदे पर लटका देने का मामला सामने आया है. मृतका की मां फूल कुमारी देवी के आवेदन पर पुलिस ने पति समेत छह लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है.

आवेदन के अनुसार नेहांसी की शादी अप्रैल 2026 में रवि प्रसाद के साथ हुई थी. शादी के बाद से ही ससुराल पक्ष के लोग पांच लाख रुपये नकद, मोटरसाइकिल, सोने की चेन और अंगूठी की मांग को लेकर उसे प्रताड़ित कर रहे थे.

आरोप है कि 14 सितंबर की शाम दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर उसकी पिटाई की गयी और फांसी पर लटका दिया गया.

मामले में पति रवि प्रसाद, ससुर रामदेव प्रसाद, रामाशीष साव, सरोज देवी, सत्येंद्र प्रसाद और मनीष कुमार को आरोपी बनाया गया है. पुलिस ने पति रवि प्रसाद को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. थाना प्रभारी उपेंद्र कुमार ने बताया कि अन्य आरोपियों की भूमिका की जांच की जा रही है. संलिप्तता मिलने पर उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जायेगी.

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Avinash Singh

अविनाश कुमार सिंह प्रभात खबर के गढ़वा ब्यूरो चीफ हैं. वह आंचलिक से लेकर राज्य मुख्यालय तक 27 वर्ष से अधिक की पत्रकारिता का अनुभव रखते हैं. राजनीतिक विश्लेषण, क्राइम रिपोर्टिंग, हाई-प्रोफाइल इंटरव्यू और खोजी पत्रकारिता.में इन्हें महारत हासिल है. अविनाश कुमार सिंह झारखंड की पत्रकारिता और 'प्रभात खबर' के विश्वसनीय चेहरा हैं, जिन्होंने खबरों की गुणवत्ता को हमेशा प्राथमिकता दी है. लगभग तीन दशकों (27 वर्ष) के अपने लंबे सफर में उन्होंने पलामू ब्यूरो प्रमुख के रूप में 10 साल से अधिक समय तक नेतृत्व किया. इसके बाद प्रदेश मुख्यालय (रांची) में काम करते हुए, विशेषकर वर्ष 2024 के चुनावों के दौरान, उनके सटीक चुनावी विश्लेषण और राजनीतिक रिपोर्टिंग ने काफी प्रभाव छोड़ा.उनकी लेखनी का दायरा बेहद व्यापक है—संवेदनशील क्राइम रिपोर्टिंग से लेकर प्रमुख राजनीतिक हस्तियों के इंटरव्यू तक, उनकी हर खबर चर्चा में रही है. पत्रकारिता के माध्यम से कई बड़े मामलों का उद्भेदन करना उनकी विशेष पहचान है.झारखंड राज्य गठन के बाद अविनाश ने पलामू में काम करते हुये राजनीतिक से जुड़ी कई ऐसी खबर को ब्रेक किया ,जिसका असर राज्य की राजनीतिक पड़ा .प्रयोगधर्मी पत्रकार के रूप में भी इनकी पहचान है .संस्थान के प्रति समर्पण के लिए उन्हें 'बेस्ट एम्प्लोयी' जैसे पुरस्कारों से भी नवाजा जा चुका है. प्रभात खबर के संघर्ष से लेकर इसके विकास और उत्थान के सफर में अविनाश एक सक्रिय सहभागी और सहयात्री रहे हैं.

Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >